प्रयागराज

Firecracker Factory Blast: ’15 मिनट मलबे में जिंदगी-मौत से जंग!’ बच्ची बाहर निकली तो सामने उजड़ चुका था पूरा परिवार

Kaushambi Firecracker Factory Blast: प्रयागराज और कौशांबी बॉर्डर पर एक पटाखा फैक्ट्री में हुए भीषण विस्फोट में 7 लोगों की मौत हो गई और 22 झुलस गए। प्रशासन तेजी से घायलों के इलाज और मलबे में दबे लोगों को निकालने और बचाव अभियान में जुटे हैं।
2 min read
Prayagraj Firecracker Factory Blast, Kaushambi Blast
प्रयागराज पटाखा फैक्ट्री विस्फोट (फोटो- ANI)

Firecracker Factory Blast News: उत्तर प्रदेश के प्रयागराज और कौशांबी बॉर्डर पर स्थित मोहम्मदपुर गांव में सोमवार दोपहर हुए पटाखा फैक्ट्री विस्फोट ने कई परिवारों की जिंदगी हमेशा के लिए तबाह कर दी। यह सिर्फ एक हादसा नहीं था बल्कि उन दर्जनों लोगों के लिए एक खौफनाक मंजर था जिन्होंने पलक झपकते ही अपना सब कुछ मलबे में दबता हुआ देखा। 50 से 100 मीटर के दायरे में बने कई मकान पूरी तरह जमींदोज हो गए। चीख-पुकार और धुएं के गुबार के बीच सिर्फ लोगों का दर्द और बेबसी झलक रही थी। बता दें कि हादसे के वक्त फैक्ट्री में करीब 20 मजदूर काम कर रहे थे।

धमाके के बाद मलबे में दबी बच्ची

इस भीषण धमाके के दौरान एक बच्ची पास के मकान के मलबे में दब गई थी। करीब 15 मिनट की भारी जद्दोजहद के बाद वह किसी तरह बचकर बाहर निकली। उसकी आंखों में दहशत साफ नजर आ रही थी। बदहवास हालत में उसने बताया कि 'मेरे 2 छोटे भाई और मम्मी-पापा का कुछ पता नहीं चल रहा है। जब मैं भाग रही थी तब मैंने उन्हें कहीं नहीं देखा।' यह बताते हुए उसकी आवाज कांप रही थी और वह लगातार मलबे की तरफ देखती रही।

वहीं एक अन्य बुजुर्ग महिला ने रोते हुए कहा कि उसकी बेटी यहां घर बनाकर रह रही थी। मेरी बेटी, उसके 3 बेटे और 1 बिटिया मलबे में दबे हैं और उनका कुछ पता नहीं चल रहा है। हे मालिक! यह क्या हो गया मेरा तो सब कुछ खत्म हो गया। पटाखा फैक्ट्री में हुए इस धमाके ने कई हंसते-खेलते परिवारों को उजाड़ दिया।

चारपाई पर घायलों कोअस्पताल ले गए ग्रामीण

धमाका इतना भीषण था कि उसकी आवाज 2 किलोमीटर दूर तक गूंज उठी और 3 मंजिला मकान की दीवार में 8 फीट चौड़ा छेद हो गया।प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार 12:30 के करीब धमाके शुरू हुए और कुछ ही देर में पूरा इलाका खंडहर में तब्दील हो गया। मलबे में दबे अपनों को बचाने के लिए गांव वालों ने ही सबसे पहले मोर्चा संभाला। जिसके हाथ जो लगा उसने उसी से मलबे से घायलों को निकालना शुरू कर दिया और एंबुलेंस का इंतजार किए बिना उन्हें चारपाई पर लिटाकर अस्पताल की तरफ दौड़ पड़े।

200 जवान कर रहे रेस्क्यू 8 घर हुए जमींदोज

पुलिस के अनुसार यह फैक्ट्री मोहम्मदपुर गांव में 800 वर्गफीट में बनी थी और इसका संचालन आदिल नाम का व्यक्ति कर रहा था। फैक्ट्री के बगल में नई बस्ती बस रही थी जहां 8 मकान बने हुए थे। इस विस्फोट में फैक्ट्री के साथ-साथ आसपास के 3 घर पूरी तरह जमींदोज हो गए हैं जबकि 5 घरों को भारी नुकसान पहुंचा है। हादसे में अब तक 7 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है और करीब 22 लोग बुरी तरह झुलसे हैं। पुलिस, NDRF, SDRF और एयरफोर्स के करीब 200 जवान राहत कार्य में जुटे हैं और 10 बुलडोजरों से मलबा हटाया जा रहा है। आशंका जताई जा रही है कि मलबे में अभी भी कई लोग दबे हो सकते हैं जिससे मौत का आंकड़ा बढ़ सकता है।