प्रयागराज

4 साल से सिर पर ऊगा रहे जौ, भंडारे में देते हैं ऊगा हुआ अनाज

साधु ने बताया कि सिर पर जौ उगाना उनकी एक साधना का हिस्सा है। इनसे पैदा हुए अनाज से वह भंडारा करवाते हैं।
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माघ मेले में यह साधु काफी मशहूर हो गए हैं। साधु ने अपना नाम अमरजीत बताया है| उन्होंने बताया कि उनका घर सोनभद्र जिले के मारकुंडी गांव में है। साधु ने बताया, “ये हमारा 4 सालों से साधना चल रहा है। यही साधना अभी 2024 तक चलेगा। हर साल मैं जौ में उगे फल में कुछ और अनाज मिलाकर भंडारा करवाता हूं। फिर अमावस्या के बाद यहां से जाता हूं।”

साधु बोले-19 दिसंबर को लगाया था बीज
साधु ने आगे बताया, “19 दिसंबर को बालों पर जौ का बीज डाला था। ये बिना मिट्टी का अनाज होगा। कभी-कभी ज्यादा लम्बी जड़ होने की वजह से सर से खून भी आने लगता है।”

साधु किसानों को संदेश देते हुए बता रहें हैं, "बिना खाद्य के भी फसल उगाए जा सकते हैं। खाद्य का प्रयोग करके हम खुद को ही खोखला कर रहे हैं।"

सुबह 8 बजे तक 4.50 लाख श्रद्धालुओं ने लगाई डुबकी
मकर संक्रांति का त्योहार शनिवार और रविवार को मनाया जा रहा है। इस मौके पर प्रयागराज के संगम तट पर श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी हुई है। इस कड़ाके की ठंड में जब मिनिमम तापमान 6 डिग्री है, तब भी श्रद्धालु नहाने के लिए पहुंच रहे हैं। मकर संक्रांति के शुभ मौके पर सुबह आठ बजे तक करीब 4.50 लाख श्रद्धालुओं ने डुबकी लगाई है।

Published on:
14 Jan 2023 02:40 pm