
New Electricity Generation Unit: उत्तर प्रदेश में भीषण गर्मी के बीच बिजली की मांग तेजी से बढ़ने और कटौती की समस्या को देखते हुए NTPC ऊंचाहार परियोजना में 800 मेगावाट क्षमता की नई यूनिट लगाने की प्रक्रिया तेज कर दी गई है। यह नई यूनिट NTPC की सबसे बड़ी इकाई होगी। नई विद्युत प्रोडक्शन यूनिट (New Power Production Unit) स्थापित होने से उत्तर प्रदेश में बिजली की किल्लत खत्म होगी।
वर्तमान में ऊंचाहार NTPC परियोजना की कुल बिजली उत्पादन क्षमता 1550 मेगावाट है। यहां 6 यूनिट कार्य कर रही हैं। इन सभी में यूनिट 1 से 5 तक की क्षमता 210-210 मेगावाट और छठी यूनिट की क्षमता 500 मेगावाट है। नई 800 मेगावाट की यूनिट लगने के बाद कुल उत्पादन क्षमता में काफी वृद्धि हो जाएगी। NTPC में पर्याप्त जगह उपलब्ध होने के कारण नई यूनिट स्थापित करने के सभी पैरामीटर अनुकूल हैं। जल्द ही इस यूनिट को स्थापित करने के लिए विस्तृत परियोजना रिपोर्ट तैयार की जाएगी। नई यूनिट के चालू होने से बिजली उत्पादन बढ़ेगा और उपभोक्ताओं को बेहतर तथा निर्बाध बिजली मिलने का रास्ता साफ हो जाएगा।
ऊंचाहार NTPC परियोजना से होने वाले विद्युत उत्पादन की सप्लाई उत्तरी ग्रिड के माध्यम से 9 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में की जाती है। यहां से दिल्ली, हरियाणा, उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, पंजाब, जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और चंडीगढ़ में बजली की सप्लाई होती है। इन सभी क्षेत्रों में बिजली की मांग लगातार बढ़ रही है। नई यूनिट लगने से इस बढ़ती मांग को बेहतर तरीके से पूरा किया जा सकेगा।
NTPC ऊंचाहार परियोजना के अपर महाप्रबंधक (मानव संसाधन) पंकज कुमार ने बताया कि नई यूनिट की क्षमता 800 मेगावाट होगी। योजना अभी प्रारंभिक स्तर पर है, लेकिन प्रक्रिया तेजी से आगे बढ़ाई जा रही है। यह विस्तार न केवल उत्तर प्रदेश बल्कि पूरे उत्तरी भारत में बिजली की विश्वसनीय आपूर्ति सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। गर्मी के मौसम में बिजली की कमी से जूझ रहे उपभोक्ताओं के लिए यह खबर राहत भरी है।