रार आरोपी को आईजी दीपांशु काबरा की विशेष टीम ने धरदबोचा
रायगढ़. लोहे के कॉलम से लोड ट्रेलर कर्नाटक न पहुंचाकर कहीं और बिक्री करने के मामले में फरार आरोपी को आईजी दीपांशु काबरा की विशेष टीम ने धरदबोचा है।
माह जुलाई 2014 में आरोपी सतविंदर सिंह निवासी एयरटेल ऑफिस के सामने रिंग रोड नंबर 1 तेलीबांधा रायपुर के ट्रेलर वाहन में गोरखा रायगढ़ से 49 नग लोहे के कॉलम जिनका वजन लगभग 23 टन एवम तात्कालीन बाजार मूल्य लगभग 12 लाख रुपये था को कर्नाटक बेल्लारी के लिए लोड करा कर रवाना किया था।
जांच में यह बात आई कि आरोपी ट्रेलर मालिक चालक सतविंदर सिंह कर्नाटक गया ही नहीं और ट्रेलर एवं माल को अपने सहयोगी अजय सिंह उर्फ शेषमणि को सौंप दिया है। अजय सिंह ने माल कर्नाटक ना पहुंचाकर नागपुर में कहीं ले जाकर बिक्री कर दिया है। मामले में आरोपी ट्रेलर मालिक चालक सतविंदर सिंह को 3 माह बाद गिरफ्तार किया गया उसने बताया कि उसने माल सहित वाहन अजय सिंह उर्फ शेषमणि को दे दिया है।
आरोपी अजय सिंह घटना के बाद से लगातार फरार था जिसकी सरगर्मी से तलाश के दौरान यह जानकारी मिली अजय सिंह उर्फ शेषमणि अपहरण और हत्या के जघन्य मामले में सिवनी मध्य प्रदेश की जिला जेल में बंद है। इस सूचना पर वर्ष 2015 में आरोपी अजय सिंह को प्रोडक्शन वारंट पर सिवनी से रायगढ़ लाकर गिरफ्तारी की गई।
अजय सिंह ने जानकारी दी कि उसने ट्रेलर एवं लोहे के कालम को नागपुर में मात्र ढाई लाख रुपये में नागपुर के शफ्त खान के पास बिक्री कर दिया है, जिसे शफ्त खान ने टीपू के साथ मिलकर कटिंग कर दिया है। ये लोग पेशे से कबाड़ी हैं। प्रधान आरक्षक जयलाल आरक्षक जल तारे और क्राइम ब्रांच के आरक्षक बृजलाल गुर्जर महेश पंडा के साथ नागपुर जाकर दबिश दी और टीपू को पकड़ लिया ।
टीपू ने पूछताछ में बताया कि शफ़त ने इसे ढाई लाख में खाली ट्रेलर बेचा था जिसे इसने कटिंग कर टुकड़े में बेच दिया ट्रेलर में लोड लोहे के एंगल को शफत खान ने कहीं और बिक्री कर दिया है अब पुलिस शफ्त खान की तलाश कर रही है।