
Chhattisgarh News: रायगढ़ शहर सहित जिले में संचालित पेट्रोल पंपों पर वाहनों में हवा भरने के लिए मशीनें तो लगाई गई हैं, लेकिन अधिकांश मशीनें महीनों से बंद पड़ी हैं। वहीं, कुछ जगहों पर मशीनें चालू होने के बावजूद कर्मचारियों की कमी के कारण वाहन चालकों को हवा भरने से मना कर दिया जाता है। इससे बाइक और कार चालकों को हर दिन परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
शहरी क्षेत्र में ही गौर करें तो यहां संचालित अधिकांश पेट्रोल पंपों पर उपभोक्ताओं को मूलभूत सुविधाओं के लिए जूझना पड़ रहा है। वाहन चालकों को न तो टायरों में हवा भरवाने की सुविधा मिल पा रही है और न ही पीने का शुद्ध पानी। कई पंपों पर हवा भरने की मशीनें महीनों से खराब पड़ी हैं, जिससे दोपहिया और चारपहिया वाहन चालक विशेष रूप से परेशान हैं। यह स्थिति पेट्रोलियम कंपनियों और शासन द्वारा निर्धारित नियमों की अनदेखी को दर्शाती है। पेट्रोल पंपों पर हवा और शुद्ध पेयजल की सुविधा उपलब्ध कराना अनिवार्य है।
ये नियम उपभोक्ताओं की सुविधा और सुरक्षा को ध्यान में रखकर बनाए गए हैं। टायरों में हवा का सही दबाव नहीं होने से न केवल ईंधन की खपत बढ़ती है, बल्कि सड़क दुर्घटनाओं का खतरा भी बढ़ जाता है। इसके बावजूद शहर के कई पेट्रोल पंपों पर हवा भरने की मशीनें या तो पूरी तरह बंद हैं या खराब पड़ी हैं। कुछ जगहों पर मशीनें चालू होने के बावजूद कर्मचारी हवा भरने से इनकार कर देते हैं, जिससे वाहन चालकों को परेशानी उठानी पड़ रही है।
वाहन चालकों को हवा भरवाने के लिए दूसरी दुकानों की तलाश करनी पड़ती है, जहां अक्सर इसके लिए भुगतान भी करना पड़ता है। समस्या केवल हवा भरने तक सीमित नहीं है। अधिकांश पेट्रोल पंपों पर पीने का पानी भी उपलब्ध नहीं है या उसकी गुणवत्ता ठीक नहीं है। ऐसे में वाहन चालकों को पानी के लिए नाश्ते की दुकानों पर निर्भर रहना पड़ता है या बंद बोतल खरीदनी पड़ती है।
कुछ माह पहले कलेक्टर ने सभी पेट्रोल पंप संचालकों की बैठक ली थी और उन्हें समझाइश दी थी कि प्रत्येक पंप पर छांव, पीने के पानी, वाहनों में हवा भरने और उच्च गुणवत्ता वाले शौचालय की व्यवस्था दिसंबर तक सुनिश्चित की जाए। इसके बावजूद कई पेट्रोल पंपों पर इन सुविधाओं की स्थिति में सुधार नहीं हुआ है। पेट्रोल-डीजल के अलावा अन्य सुविधाओं की अनदेखी से लोगों की परेशानी बढ़ गई है।
शहर के सत्तीगुढ़ी चौक स्थित आदिवासी पेट्रोल पंप का निरीक्षण करने पर पता चला कि हवा भरने वाली मशीन का नोजल खराब होने के कारण वह बंद है। वहीं, पुलिस पेट्रोल पंप की हवा भरने वाली मशीन तकनीकी खराबी के कारण कई महीनों से बंद पड़ी है। स्टेशन चौक स्थित पेट्रोल पंप की मशीन चालू है, लेकिन कर्मचारियों की कमी के कारण वाहन चालकों को परेशानी होती है। इसी तरह जूटमिल पेट्रोल पंप की हवा भरने वाली मशीन चालू है, लेकिन हवा भरने के लिए कर्मचारी उपलब्ध नहीं है। इसके अलावा टीवी टावर रोड स्थित पेट्रोल पंप पर अभी तक हवा भरने की मशीन ही नहीं लगाई गई है।
विभागीय अधिकारियों का कहना है कि कलेक्टर की अध्यक्षता में हुई बैठक में पेट्रोल पंप संचालकों को सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए दिसंबर तक का समय दिया गया है। यदि इस अवधि में हवा, पेयजल और शौचालय सहित अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित नहीं की जाती हैं, तो जांच के बाद उचित कार्रवाई की जाएगी। हालांकि, दिसंबर आने में अभी दो माह का समय शेष है। ऐसे में यदि यही स्थिति बनी रही, तो वाहन चालकों को फिलहाल इन परेशानियों से राहत मिलने की उम्मीद कम है।
चितरंजन सिंह, खाद्य अधिकारी, रायगढ़ के मुताबिक, पिछले दिनों पेट्रोल पंप संचालकों की बैठक हुई थी। इसमें शौचालय, पीने के पानी और हवा भरने सहित सभी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए थे। यदि 31 दिसंबर तक व्यवस्थाएं पूरी नहीं की जाती हैं, तो संबंधित संचालकों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।