रायपुर

छत्तीसगढ़ में हाईकोर्ट के आदेश बेअसर, हाईवे और स्कूलों के बीच चल रहीं शराब दुकानें, ग्राउंड रिपोर्ट में बड़ा खुलासा

High Court Order Liquor Shops: छत्तीसगढ़ में हाईकोर्ट के दिशा-निर्देशों के बावजूद स्कूलों, कॉलेजों, धार्मिक स्थलों और हाईवे के पास 66 शराब दुकानें संचालित हो रही हैं। पत्रिका की ग्राउंड रिपोर्ट में नियमों की अनदेखी, ट्रैफिक जाम, हादसों और महिलाओं व बच्चों की सुरक्षा से जुड़े गंभीर सवाल सामने आए हैं।
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Jul 22, 2026
Chhattisgarh Liquor Shops
नियम तोड़कर चल रहीं शराब दुकानें (photo source- Patrika)

अजय रघुवंशी/Chhattisgarh Liquor Shops: प्रदेश के अलग-अलग जिलों में आबकारी विभाग की अनदेखी और नियमों की खुलेआम उड़ती धज्जियों उड़ाई जा रही है। ‘पत्रिका’ की ग्राउंड रिपोर्ट में यह चौंकाने वाला खुलासा हुआ है कि प्रदेशभर में ऐसी 66 शराब दुकानें बेधड़क संचालित हो रही हैं, जो मुख्य सड़कों, स्कूलों, कॉलेजों और धार्मिक स्थलों से महज 50 से 100 मीटर के दायरे में स्थित हैं।

Liquor Shop Rules: स्कूली बच्चों पर खास असर

हद तो तब हो जाती है जब कई स्थानों पर ये दुकानें राष्ट्रीय राजमार्ग (हाईवे) और स्टेट हाईवे से महज 2, 10, 15 और 30 मीटर की दूरी पर खोल दी गई हैं। ये सब तब हो रहा है जब हाईकोर्ट ने स्पष्ट आदेश दिए हैं कि शराब दुकानें तय दूरी पर ही होनी चाहिए। विभाग स्वयं अपने ही बनाए नियमों का पालन नहीं करा पा रहा है, जिससे सबसे ज्यादा परेशानी महिलाओं, स्कूली बच्चों और स्थानीय रहवासियों को उठानी पड़ रही है।

शाम ढलते ही इन दुकानों के आसपास शराबियों का मजमा लग जाता है, सड़कों पर बेतरतीब वाहन खड़े रहते हैं, जिससे न केवल ट्रैफिक जाम की स्थिति बनती है बल्कि आए दिन हादसों और मारपीट के विवाद भी सामने आ रहे हैं। कई शराब दुकानें अब घनी आबादी वाले रिहायशी इलाकों और व्यस्त मार्गों के बेहद करीब पहुंच चुकी हैं, जिससे आम लोगों का वहां से गुजरना भी दूभर हो गया है।

हाईकोर्ट के सख्त निर्देश, फिर भी विभाग बेखबर

बिलासपुर हाईकोर्ट ने दो वर्ष पूर्व शराब दुकानों की स्थापना को लेकर आबकारी विभाग को सख्त फटकार लगाई थी। अदालत ने स्पष्ट आदेश दिए थे कि धार्मिक स्थल, स्कूल और कॉलेज से शराब दुकानों की दूरी कम से कम 100 मीटर तथा राष्ट्रीय या राज्य राजमार्गों से 500 मीटर या उससे अधिक होनी चाहिए। इससे पहले 50 मीटर का दायरा तय था, जिसे बढ़ाकर 100 मीटर किया गया था। हालांकि, आबकारी विभाग खुद अपने इन नियमों का पालन कराने में पूरी तरह नाकाम साबित हो रहा है। यह मुद्दा विधानसभा में भी गूंज चुका है।

कहां कितनी दूरी पर खुली हैं दुकानें?

'पत्रिका' की पड़ताल में सामने आया कि प्रदेश के लगभग 21 प्रमुख जिलों (रायपुर, बलौदाबाजार, दुर्ग, महासमुंद, बिलासपुर, जांजगीर-चांपा, रायगढ़ आदि) में नियमों को ताक पर रखा गया है। भाठागांव चौक स्थित शराब दुकान राष्ट्रीय व राज्य राजमार्ग से महज 10 मीटर और लालपुर की दुकान 50 मीटर की दूरी पर है। महासमुंद शहर में शराब दुकान हाईवे से मात्र 2 मीटर और बागबाहरा में 15 मीटर की दूरी पर स्थित है। दुर्ग स्टेशन रोड पर दुकान हाईवे से 50 मीटर और प्रीमियम शॉप महज 40 मीटर दूर है। बिलासपुर में अशोक नगर स्थित देशी शराब दुकान स्कूल से सिर्फ 75 मीटर दूर संचालित हो रही है। जांजगीर-चांपा व रायगढ़ में यहां प्रीमियम और कंपोजिट दुकानें मुख्य मार्गों से 10 से 20 मीटर की दूरी पर चल रही हैं।

स्टिक बोतलों पर विभाग की सफाई

प्लास्टिक की बोतलों में शराब बेचे जाने के विवाद पर आबकारी विभाग का कहना है कि कांच की बोतलों में परिवहन के दौरान टूट-फूट से राजस्व का नुकसान होता था। इसलिए अब 'फूड ग्रेड रिसाइकिल पॉलिएथिलीन' का उपयोग किया जा रहा है, जिसे जैव अनाशित सामग्री नियम-2023 के तहत रिसाइकिल किया जा सकता है।

CG Excise Department: प्रदेश में शराब दुकानों का गणित

जिला दुकानों की संख्या

रायपुर 79
बिलासपुर 67
दुर्ग 64
जांजगीर-चांपा 48
महासमुंद 39
कोरबा 37
रायगढ़ 36
(नोट: प्रदेश में कुल 705 मदिरा दुकानें संचालित हैं, जिनमें देशी, विदेशी, प्रीमियम और कंपोजिट दुकानें शामिल हैं।)

विभाग के मुताबिक प्रदेश में 66 दुकानें ऐसी हैं, जो स्कूल, कॉलेज, राज्य मार्ग या राष्ट्रीय राजमार्गों के करीब हैं। गंभीर शिकायतों पर शराब दुकानों को अन्यत्र स्थानांतरित (शिफ्ट) करने को लेकर विचार किया जाएगा-लखनलाल देवांगन (मंत्री, उद्योग एवं आबकारी विभाग

Updated on:
22 Jul 2026 08:25 am
Published on:
22 Jul 2026 08:24 am