
रायपुर। CG Health Report : विश्व एड्स दिवस पर शुक्रवार को आंबेडकर अस्पताल में एचआईवी अपडेट 2023 का आयोजन किया गया। वक्ताओं ने कहा कि एचआईवी पॉजीटिव मरीजों को एडवांस दवा के साथ पौष्टिक आहार दिए जा रहे हैं। इससे न केवल उनकी सेहत में सुधार आ रहा है, बल्कि वे लंबा जीवन भी जी रहे हैं। इस मौके पर एक कदम, एचआईवी नेमेसिस तक विषय पर राज्य स्तरीय कांफ्रेंस भी हुई।वैज्ञानिक सत्र में विशेषज्ञ डॉक्टरों के व्याख्यान, चिकित्सा छात्रों ने पेपर एवं पोस्टर प्रेजेंटेशन दिया।
कांफ्रेंस का उद्घाटन हेल्थ साइंस विवि के रिटायर्ड कुलपति डॉ. जीबी गुप्ता ने किया। वक्ताओं ने कहा कि सही दवाओं एवं उनकी निर्धारित खुराक तथा समय पर देखभाल से एचआईवी रोगियों में एमडीआर टीबी का प्रबंधन बेहतर ढंग से किया जा सकता है। डोलटेग्रेविर नामक दवा में एचआईवी- 2 के विरूद्ध तीव्र वायरल दमन (रैपिड वायरल सप्रेशन) की क्षमता है। दवा की विषाक्तता एवं ड्रग इंटरेक्शन भी काफी कम है। एचआईवी से पीड़ित व्यक्तियों में तंत्रिका संबधी समस्याओं एवं रोगों का दायरा काफी व्यापक है। रोग प्रतिरोधक क्षमता अनियमित होने से अंतिम चरण में सीडी 4 लिम्फोसाइट्स और मेक्रौफेज में कमी आ जाती है। कार्यक्रम में डीन डॉ. तृप्ति नागरिया, अधीक्षक डॉ. एसबीएस नेताम, डॉ. आलोक राय, डॉ. विनय पंडित, डॉ. योगेंद्र मल्होत्रा, डॉ. देवप्रिया लकड़ा, डॉ. सुरेश चंद्रवंशी, डॉ. मनीष पाटिल समेत अनेक लोग उपस्थित थे।
एड्स मरीजों के इलाज में पैलेटिव केयर प्रासंगिक
विश्व एड्स दिवस पर संजीवनी कैंसर अस्पताल में वक्ताओं ने एड्स मरीजों के इलाज में पैलेटिव केयर को प्रासंगिक बताया। अस्पताल के डायरेक्टर व सीनियर कैंसर सर्जन डॉ. युसूफ मेमन व पैलेटिव मेडिसिन विशेषज्ञ डॉ. अविनाश तिवारी ने कहा कि एचआईवी आज भी एक लाइलाज व संक्रामक बीमारी है। ऐसे में स्क्रीनिंग व मरीजों को जागरूक करना ज्यादा प्रासंगिक है।
एड्स अब तेजी से बढ़ने वाली बीमारी के बजाय एक क्रॉनिक डिसीज हो गया है। इससे अब इसके मरीज सामान्य जीवन जीने लगे हैं। अब एडवांस इलाज से मरीजों के दर्द से लेकर उन्हें होने वाली परेशानियों को कम करने में मदद मिली है। इसमें पैलेटिव मेडिसिन प्रमुख भूमिका निभा रहा है। इससे मरीज ही नहीं उनके परिजनों को भी बड़ी राहत मिली है। लोगों को भी एचआईवी के मरीजों को हीनभावना के साथ नहीं देखना चाहिए, क्योंकि एचआईवी होने के एक नहीं कई कारण हैं।