
Mahadev Betting Case: महादेव सट्टा ऐप मामले में एफआईआर दर्ज होने के बाद पूर्व सीएम भूपेश बघेल ने बुधवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर केंद्रीय जांच एजेंसियों और भाजपा सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा, सेंट्रल एजेंसियां मेरी राजनीतिक हत्या करना चाहती हैं, शारीरिक और मानसिक रूप से प्रताड़ित करना चाहते हैं।
उन्होंने कहा, सीडी कांड में सीबीआई की 7 साल के जांच के बाद भी कोर्ट ने चार्जशीट दायर करने के लायक नहीं समझा और मुझे आरोपमुक्त कर दिया। इसलिए बौखलाकर ये कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने कहा, असीम दास के पास गाड़ी और पैसे कहां से आए। भाजपा नेताओं के साथ इन सभी के फोटो हैं, लेकिन उस ओर जांच नहीं क्यों नहीं हो रही।
पूर्व सीएम बघेल ने कहा, एफआईआर 18 दिसंबर 2024 को हुई, लेकिन 1 अप्रैल 2025 को सार्वजनिक हुआ है। एफआईआर ईडी से लेकर सीबीआई तक इधर उधर हो रही है। केंद्र सरकार के पास गैम्बलिंग का कोई कानून नहीं है। ऑनलाइन गैम्बलिंग का भी कानून नहीं है। अब सवाल है कि ये कानूनी मानती है या गैर कानूनी। अगर कानूनी है तो प्रोटेक्शन मनी की कोई बात नहीं है और अगर गैर कानूनी है तो ऐप अब तक चल क्यों रहा है।
उन्होंने कहा, एफआईआर में सबसे ऊपर रवि उप्पल का नाम है। छठवें नंबर पर भूपेश बघेल, आठवें पर सौरभ चंद्राकर। जिनके नाम से सब संचालन हो रहा शुभम सोनी, उसका नाम ही नहीं है जो खुद को मलिक बताता है, लेकिन मुझे लेकर जो बयान दिया, उसके आधार पर मुझे आरोपी बनाया गया है। मोगेम्बो खुश हुआ कि तर्ज पर ये काम कर रहे। गिरफ्तार करना है तो कर ले, गिरफ्तार होने का मुझे डर नहीं है। न पहले भागे थे, न अब भाग रहे हैं।
महादेव ऐप में धड़ल्ले से सट्टा चल रहा है, लेकिन अभी कोई कार्रवाई नहीं हो रही है। विष्णुदेव साय प्रदीप मिश्रा के जजमान बने हैं, उनसे मिलकर आए हैं, लेकिन उनसे कोई पूछताछ नहीं हुई। उन्होंने कहा, हम छत्तीसगढ़ और राष्ट्रीय मुद्दों पर लगातार बात कर रहे हैं, इसलिए ये कार्रवाई कर रहे हैं। जनता का ध्यान भटकाने के लिए ये काम किया जाता है।