CG Electricity Bill: कांग्रेस ने भूपेश सरकार की बिजली बिल हाफ योजना बहाल करने की मांग की। कोयले के दाम घटने के बावजूद महंगी बिजली और ग्रामीण क्षेत्रों में 9 घंटे कटौती पर सरकार को घेरा।
CG Electricity Bill: छत्तीसगढ़ में बिजली दरों को लेकर सियासी तापमान बढ़ गया है, जिसे लेकर विपक्ष अब सीएम हाउस घेराव करने की तैयारी में जुट गया है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा कि लगातार बढ़कर आ रहे बिजली बिलों से जनता काफी परेशान है। सरकार ने बिजली के दाम नहीं घटाया तो एसआईआर प्रक्रिया के बाद दिसंबर के दूसरे हफ्ते में कांग्रेस पार्टी मुख्यमंत्री निवास का घेराव करेगी।
देश के सबसे बड़े विद्युत उत्पादक राज्यों में से एक छत्तीसगढ़ में बिजली इतनी महंगी होना सरकार की नाकामी का परिणाम है। वहीं बैज ने (Deepak Baij Statement) आगे कहा कि 400 यूनिट तक बिजली बिल हाफ योजना बंद कर दी गई, दो साल में चार बार बिजली दरें बढ़ाई गईं। कोयले पर सेस हटने के बाद कोयला सस्ता हुआ, लेकिन सरकार ने बिजली के दाम घटाने की जरूरत तक नहीं समझी। कांग्रेस का आरोप है कि स्मार्ट मीटर के बाद उपभोक्ताओं की रीडिंग सामान्य से ज्यादा दिख रही है, जिससे जनता पर ज्यादा बोझ पड़ रहा है।
बैज ने सरकार से (Congress Electricity Issue) मांग की है कि भूपेश बघेल सरकार की ‘बिजली बिल हाफ’ योजना को तत्काल बहाल किया जाए। उनका कहना है कि इस योजना से आम जनता को बड़ी राहत मिली थी, लेकिन वर्तमान सरकार ने इसे बंद कर आर्थिक बोझ बढ़ा दिया है।
CG Electricity Bill: कांग्रेस का आरोप है कि कोयले के दामों में लगभग 400 रुपए तक की कमी दर्ज की गई है। ऐसे में सरकार को वीसीए (वेरिएबल कॉस्ट एडजस्टमेंट) घटाकर तुरंत बिजली सस्ती करनी चाहिए। पार्टी का कहना है कि महंगी बिजली देकर भी सरकार सुचारू आपूर्ति करने में नाकाम है।
दीपक बैज ने कहा कि ग्रामीण इलाकों में रोजाना 8 से 9 घंटे तक बिजली कटौती की जा रही है। बिजली न होने से किसान, छात्र और आम ग्रामीण जनता परेशान हैं, जिसके कारण जगह-जगह आंदोलन की स्थिति बन रही है।