रायपुर

बड़ी राहत: कोरोना से अनाथ हुए बच्चों की पढ़ाई का खर्च उठाएगी छत्तीसगढ़ सरकार

Patrika Positive News: कोविड संक्रमण के बीच राज्य सरकार (Chhattisgarh Government) ने अपनों को खोने वाले बच्चों के लिए अपना खजाना खोल दिया है। इन्हें संरक्षण देने के लिए सरकार इसी वित्तीय वर्ष से छत्तीसगढ़ महतारी दुलार योजना शुरू करने जा रही है।
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Updated: 13 May 2021, 11:17 PM IST
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बड़ी राहत: कोरोना से अनाथ हुए बच्चों की पढ़ाई का खर्च उठाएगी छत्तीसगढ़ सरकार

रायपुर. कोविड संक्रमण के बीच राज्य सरकार (Chhattisgarh Government) ने अपनों को खोने वाले बच्चों के लिए अपना खजाना खोल दिया है। इन्हें संरक्षण देने के लिए सरकार इसी वित्तीय वर्ष से छत्तीसगढ़ महतारी दुलार योजना (Chhattisgarh Mahtari Dular Yojna) शुरू करने जा रही है।

इस योजना के तहत ऐसे बच्चे जिन्होंने अपने माता-पिता को इस वित्तीय वर्ष के दौरान कोरोना के कारण खो दिया है, उनकी पढ़ाई का पूरा खर्च अब छत्तीसगढ़ सरकार उठाएगी। इसके अलावा ऐसे बच्चे जिनके परिवार में रोजी-रोटी कमाने वाले मुख्य सदस्य की मृत्यु कोरोना से हो गई है, तो उन बच्चों की पढ़ाई की व्यवस्था भी सरकार करेगी।

प्रतिमाह छात्रवृत्ति भी देगी सरकार
पढ़ाई का खर्च उठाने के साथ ही सरकार प्रभावित बच्चों को हर महीने छात्रवृत्ति भी देगी। इसके तहत पहली से आठवीं तक के ऐसे बच्चों को 500 रुपए प्रतिमाह और 9वीं से 12वीं (Scholarship for 9 to 12) तक के बच्चों को 1000 रुपए प्रतिमाह की छात्रवृत्ति भी दी जाएगी। खास बात यह है कि इसका लाभ शासकीय व निजी स्कूल, दोनों के विद्यार्थियों को मिलेगा।

अंग्रेजी माध्यम स्कूल में मिलेगी प्राथमिकता
राज्य सरकार ने यह भी निर्णय लिया है, यदि ऐसे बच्चे राज्य में प्रारंभ किए गए स्वामी आत्मानंद इंग्लिश मीडियम स्कूलों में प्रवेश के लिए आवेदन देते हैं तो उन्हें प्राथमिकता से प्रवेश दिया जाएगा। इन बच्चों से किसी भी प्रकार की फीस नहीं ली जाएगी।

बेहतर भविष्य निर्माण में मिलेगी मदद
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की संवदेनशील पहल से इन बेसहारा बच्चों के बेहतर भविष्य निर्माण में काफी सहायक होगी। पढ़ाई पूरी कर बच्चे आत्मनिर्भर बन सकेंगे।

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