Congress Attacks Modi: भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की छत्तीसगढ़ इकाई ने प्रधानमंत्री मोदी की ‘कम उपयोग’ अपील पर सवाल उठाए हैं। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष बैज ने कहा कि महंगाई और बेरोजगारी से जूझ रही जनता को बचत की सलाह देना सरकार की जिम्मेदारी से बचना है।
Congress Attacks Modi: भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की छत्तीसगढ़ इकाई ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की हालिया अपील को लेकर केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा कि देश पहले से महंगाई, बेरोजगारी और ईंधन संकट जैसी समस्याओं से जूझ रहा है, ऐसे में सरकार समाधान देने के बजाय लोगों को कम खर्च करने की सलाह दे रही है।
दीपक बैज ने कहा कि प्रधानमंत्री किसानों से उर्वरक कम उपयोग करने, महिलाओं से रसोई गैस और तेल बचाने, कर्मचारियों से ‘वर्क फ्रॉम होम’ अपनाने और आम लोगों से सोना व विदेश यात्राएं कम करने की अपील कर रहे हैं। कांग्रेस का आरोप है कि सरकार अपनी जिम्मेदारी निभाने के बजाय जनता पर बोझ डाल रही है।
कांग्रेस ने दावा किया कि छत्तीसगढ़ में खरीफ सीजन के लिए करीब 15 लाख मीट्रिक टन उर्वरक की जरूरत है, लेकिन अभी तक सिर्फ 51 हजार मीट्रिक टन खाद ही समितियों तक पहुंची है। ऐसे में किसानों को खाद कम इस्तेमाल करने की सलाह देना उनकी उत्पादन क्षमता को प्रभावित कर सकता है।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि देश की बड़ी आबादी फील्ड जॉब, छोटे व्यापार, ठेला-फेरी और दैनिक मजदूरी पर निर्भर है। ऐसे लोगों के लिए ‘वर्क फ्रॉम होम’ जैसी सलाह व्यावहारिक नहीं है। उन्होंने कहा कि यह जमीनी हकीकत से दूर सोच है।
कांग्रेस ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में 2013 और 2026 के दामों की तुलना करते हुए कहा कि आटा, दाल, तेल, दूध, गैस सिलेंडर और पेट्रोल-डीजल की कीमतें कई गुना बढ़ चुकी हैं। पार्टी का आरोप है कि महंगाई से पहले ही परेशान जनता को अब और बचत करने की सलाह दी जा रही है।
दीपक बैज ने प्रधानमंत्री की विदेश यात्राओं और सरकारी खर्च पर भी सवाल उठाए। उनका कहना था कि अगर ईंधन बचाने की जरूरत है, तो इसकी शुरुआत नेताओं के बड़े काफिलों और सरकारी खर्चों से होनी चाहिए।
कांग्रेस ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार महंगाई, बेरोजगारी और ईंधन संकट को संभालने में विफल रही है। पार्टी ने कहा कि पिछले कई वर्षों में ऊर्जा सुरक्षा और तेल भंडारण क्षमता बढ़ाने के लिए पर्याप्त कदम नहीं उठाए गए, जिसका असर अब दिखाई दे रहा है।