रायपुर

DG-IG कॉन्फ्रेंस की शुरुआत… डिप्टी CM साव बोले- नक्सलवाद पर होगी विस्तृत चर्चा, SIR फार्म विवाद पर दिया बयान

DG-IG Conference: छत्तीसगढ़ में आज से डीजी–आईजी कॉन्फ्रेंस का आगाज हो गया है। इसे लेकर उपमुख्यमंत्री अरुण साव ने कहा कि इस सम्मेलन में नक्सलवाद को लेकर विस्तृत मंथन किया जाएगा।

2 min read
Nov 28, 2025
डिप्टी सीएम अरुण साव (Photo source- ANI)

DG-IG Conference: छत्तीसगढ़ में आज से डीजी–आईजी कॉन्फ्रेंस का आगाज हो गया है। इसे लेकर उपमुख्यमंत्री अरुण साव ने कहा कि इस सम्मेलन में नक्सलवाद को लेकर विस्तृत मंथन किया जाएगा। उन्होंने बताया कि नक्सलवाद राज्य की आंतरिक सुरक्षा और विकास के लिए सबसे बड़ा अवरोध रहा है, लेकिन सरकार की लगातार कोशिशों से यह अब बहुत सीमित इलाकों तक सिमट गया है।

उपमुख्यमंत्री का कहना था कि सरकार की नीति और दृढ़ राजनीतिक इच्छाशक्ति ने नक्सल उन्मूलन अभियान को गति दी है। विष्णुदेव साय सरकार के नेतृत्व में नक्सलवाद समाप्ति की ओर बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि डबल इंजन सरकार, नक्सल उन्मूलन के लिए डबल स्पीड में काम कर रही है। उनका दावा है कि नक्सलवाद (DG-IG Conference) अब समाप्ति के बिल्कुल करीब है।

ये भी पढ़ें

Political protest: भाजपा प्रदेश अध्यक्ष को काला झंडा दिखाने की तैयारी में थे कांग्रेसी, पूर्व विधायक समेत कार्यकर्ता गिरफ्तार

गुलाब कमरो का SIR फार्म नहीं भराने पर कही ये बात

वहीं पूर्व विधायक गुलाब कमरो के SIR फॉर्म भरे जाने को लेकर उठे विवाद पर भी अरुण साव ने बात की। उन्होंने स्पष्ट किया कि मतदाता सूची तैयार करने की प्रक्रिया पूरी तरह नियमों के अनुसार होती है। पहले प्रारंभिक मतदाता सूची जारी की जाएगी, जिसके बाद दावा-आपत्तियों का दौर शुरू होगा।

2014 के बाद कई प्रदेशों में कॉन्फ्रेंस

बता दें कि डीजीपी कॉन्फ्रेंस 2014 में शुरू की गई थी। पहली कॉन्फ्रेंस असम के गुवाहाटी में हुई थी। इसके बाद से देश के विभिन्न स्थानों पर इसका आयोजन किया जा रहा है। गुवाहाटी के बाद दूसरी कॉन्फ्रेंस कच्छ के रण (गुजरात), हैदराबाद (तेलंगाना), टेकनपुर (ग्वालियर, मध्य प्रदेश), स्टैच्यू ऑफ यूनिटी (गुजरात), पुणे (महाराष्ट्र), लखनऊ (उत्तर प्रदेश), नई दिल्ली, जयपुर (राजस्थान) और भुवनेश्वर (ओडिशा) में की गई है। इसी परंपरा को जारी रखते हुए यह कॉन्फ्रेंस छत्तीसगढ़ के नवा रायपुर में हो रही है।

इन मुद्दों पर होगी गहन चर्चा

नक्सली उग्रवाद, आतंकवाद को लेकर आंतरिक सुरक्षा के खतरे से मुकाबला, आपदा प्रबंधन, महिला सुरक्षा और पुलिसिंग में फोरेंसिक साइंस तथा एआई के उपयोग।

ये भी पढ़ें

SIR प्रक्रिया में BLO दवाब से दे रहे जान, सचिन पायलट बोले- वैध मतदाता का नाम काटना बर्दाश्त नहीं, 14 दिसंबर को होगा बड़ा आंदोलन

Updated on:
29 Nov 2025 01:45 pm
Published on:
28 Nov 2025 05:45 pm
Also Read
View All

अगली खबर