Chhattisgarh Politics बघेल ने कहा कि भाजपा सरकार जनता के सामने झूठ का पुलिंदा परोस रही है। उन्होंने कानून व्यवस्था, किसानों, बेरोजगारी और विकास कार्यों को लेकर सरकार को घेरते हुए कहा कि जमीनी हकीकत दावों से बिल्कुल अलग है।
BJP vs Congress: पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल एवं नेता प्रतिपक्ष ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के बयान का पलटवार किया है। बुधवार को राजीव भवन में आयोजित प्रेस काॅन्फ्रेंस में भूपेश बघेल ने कहा कि केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने पिछले दिनों छत्तीसगढ़ से नक्सलवाद खत्म होने की घोषणा की, छत्तीसगढ़ में भाजपा की सरकार बनने के बाद यानी 2024 जनवरी से अब तक अमित शाह ने बस्तर की 10 से अधिक यात्राएं की है, यानी वे नक्सल विरोधी ऑपरेशन की निगरानी ख़ुद कर रहे थे, इसका स्वागत है, लेकिन केंद्रीय क्षेत्रीय परिषद की बैठक में और उसके बाद अमित शाह ने जो कुछ कहा वह सिर्फ झूठ का पुलिंदा है। स्पष्ट दिखता है कि छत्तीसगढ़ की भाजपा सरकार ने अमित शाह को बस्तर के बारे में झूठी जानकारी दी है, जिससे वे भ्रमित हो गए।
बघेल ने कहा कि सच यह है कि 2022 में ख़ुद अमित शाह ने माना था कि केंद्र और राज्य सरकार के संयुक्त प्रयासों से नक्सली घटनाओं में बहुत प्रतिशत की कमी आई है। अमित शाह ने 2022 की क्षेत्रीय परिषद की बैठक के बाद कहा था, वामपंथी उग्रवाद की समस्या अब छत्तीसगढ़ के कुछ हिस्सों तक ही सीमित है। भूपेश बघेल ने कहा कि सच यह है कि कांग्रेस की सरकार ने बस्तर में सुरक्षा बलों के कैंप खोलने और सड़क बनाने का काम खामोशी से करना शुरू किया था। इससे बस्तर की तस्वीर बदलने लगी थी। केंद्र सरकार लगातार हमारे कामों पर निगरानी रखे हुए थे और हर बैठक में केंद्र सरकार ने हमारी सरकार के कामकाज की तारीफ ही की।
नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत ने कहा कि अमित शाह हर आदिवासी परिवार को एक गाय और एक भैंस देने की एक योजना की घोषणा कर गए हैं। हम अमित शाह को यह याद दिलाना चाहते हैं कि छत्तीसगढ़ में लगातार 15 साल तक रही डॉ. रमन सिंह की सरकार ने भी शुरू से ही हर आदिवासी परिवार को एक दुधारू गाय देने की योजना शुरू की थी। बाद में जहां-जहां रमन सरकार ने गाय बांटीं, वे तमाम गाय बीमार निकलीं या दूध देती ही नहीं थी।
भाजपा सरकार में सैकड़ों करोड़ के इस घोटाले के बाद इस योजना को ही बंद कर दी गई थी। अब अगर फिर से आदिवासी इलाकों में गाय-भैंस बांटने की योजना बन रही है तो अमित शाह को चाहिए कि डॉ. रमन सिंह को इस योजना की सलाहकार समिति का अध्यक्ष बनाएं, ताकि उनके अपने मुख्यमंत्रित्व के कटु अनुभव का लाभ इस योजना को मिल सके।