गिफ्ट्स का लालच देकर महिलओं को को बनाते थे शिकार
रायपुर. नाइजीरियन गिरोह से पुलिस की पूछताछ में कई अहम तथ्य सामने आए हैं। गिरोह ने महिलाओं के साथ बेरोजगारों और आम लोगों को ठगने के लिए बकायदा एक पैटर्न तैयार कर रखा था। जिसमें अलग-अलग लोगों के लिए अलग-अलग पैंतरा अपनाते थे। स्टूडेंट और कम उम्र के युवाओं को इनामी लालच भरा मेल करते थे।
ये मेल प्राय: मोबाइल और गैजेट से संबंधित होते थे। जब कोई झांसे में आ जाता था तब उससे फर्जी खाता नंबर देकर गिफ्ट भेजने के एवज में टैक्स की राशि जमा करने को कहते थे। लेकिन मुख्य टारगेट महिलाएं होती थी। इन शातिर ठगों ने भारत के अलावा कई देशों की महिलाओं के साथ ठगी की है।
उन्हीं महिलाओं को बदनामी का डर दिखा कर एक करोड़ से ज्यादा राशि अपने खातों में जमा करा चुके थे। क्राइम ब्रांच डीएसपी अभिषेक माहेश्वरी ने मामले का खुलासा करते हुए बताया कि इनके बीजा की भी पुलिस जांच कर रही है। इसके अलावा जिन देशों में ठगी की गई है उनके दूतावास को भी सूचना दी जाएगी।
ठगों ने पीडि़तों से पैसा खातें में जमा कराने के लिए कई देशों में अपने एजेंट तैनात कर रखे थे,जो 20 प्रतिशत राशि लेकर जमा की गई राशि इन्हें ट्रांसफर कर देते थे।
पहले से फारमेंट बना हुआ था,फेसबुक में फ्रेंड रिक्वेस्ट भेजने व एक्सेप्ट होने के बाद अगला स्टेप क्या होगा। इसके बाद विश्वास बनाने के लिए क्या मैसेज भेजेंगे। यदि युवतियां या महिलाएं झांसे में आ गई,फिर क्या मैसेज भेजना है। इस तरह का पूरा फारमेंट पहले से तैयार कर लिया जाता था। जिससे बार-बार चेटिंग की प्राब्लम न हो। ये एक साथ सैकड़ों महिलाओं को मैसेज करतें थे। जिसका फारमेट लगभग एक ही तरह का होता था। इसी तरह इनामी लालच देने के लिए सात प्रकार के मेल फारमेंट रखे हुए थे। जिसे एक साथ हजारों मेल आइडी पर सेंड कर झांसा देते थे।
बना रखी थी। इसके अलावा मेल एड्रेस भी 30 से अधिक बनाए गए थे। ये अपने मकान में बैठ कर दिन भर सिर्फ ऑनलाइन ठगी के प्रयास में रहते थे।
क्राइम ब्रांच की टीम को शक है कि इन्होंने प्रदेश के कई इलाकों में इसी पैर्टन में ठगी की होगी। इसलिए राज्य भर के थानों से सूचनाएं मंगाई जाएंगी,जिसमें इसी तरह की ठगी के मामले दर्ज हुए हो। जिसकी जांच कर उनके भी मामले इन पर दर्ज किए जा सकें ।