
रायपुर. फेसबुक में युवकों से दोस्ती करके उन्हें ठगने और ब्लैकमेल करने वाला गिरोह सक्रिय हो गया है। गिरोह की युवतियां फेसबुक में चर्चा करने के बाद युवकों का नंबर लेती है, और उसमें अश्लील चैटिंग व वीडियो कॉल करके उनका वीडियो बना लेती है। चैटिंग और अश्लील वीडियो को आधार बनाते हुए युवतियों द्वारा पैसे की डिमांड की जाती है।
पीड़ित आरोपी गिरोह के सदस्यों की डिमांड पूरी नहीं करता, तो उसकी अश्लील फोटो वीडियो और चैटिंग की चर्चा सोशल मीडिया के माध्यम से परिजनों और करीबियों तक गिरोह के सदस्य पहुंचाकर उसे बदनाम कर देते है। सोशल मीडिया में सक्रिय इस गिरोह ने राजधानी के एक युवक को अपने जाल में लिया है। गिरोह के लोग अन्य पीड़ितों को शिकार ना बना पाए, इसलिए युवक पुलिस में आरोपियों की शिकायत करने की तैयारी कर रहा है।
इस तरह आरोपियों ने फंसाया जाल में
पीड़ित युवक ने पत्रिका को बताया, कि पहले तो युवती के नाम से उसको मैसेंजर में मैसेज आया। युवक ने रिप्लाई दिया, तो युवती ने उससे बातचीत शुरू कर दी और वाट्सअप नंबर मांगा। वाट्सअप नंबर दोनो ने एक दूसरे को दिया और टेलीफोनिक चर्चा हुई। युवती ने पसंद करने की बात कही और अश्लील ऑडियो वीडियो चैटिंग शुरू कर दी।
युवक ने ऑडियो वीडियो कॉल में बातचीत की, तो गिरोह के सदस्यों ने पूरी घटना को रिकॉर्ड कर लिया और फिर वाट्सअप कॉल के माध्यम से पैसों की मांग की। युवक ने मामलें की जानकारी अपने दोस्तों को दी और फिर पूरी घटना की जानकारी पत्रिका को देकर मदद मांगी।
हरियाणा के नंबरों से आ रहा फोन
पीडि़त युवक ने पत्रिका संवाददाता को बताया, कि आरोपियों ने ब्लैकमेल करने के लिए जिस नंबर से वाट्सअप कॉल किया था। वो नंबर हरियाणा है। नंबर से कॉल करने वाले शख्स को युवक ने खरी खोटी सुनाई, जिसके बाद से उससे फोन नहीं किया है। अपनी बदनामी के डर से युवक ने फेसबुक अकाउंट ब्लॉक कर दिया है और सोशल मीडिया में सक्रियता खत्म कर दी है।
आईटी एक्सपर्ट मोहित साहू ने कहा, शातिर ठग ऐप के माध्यम से और कई बार फर्जी आईडी का इस्तेमाल कर पीडि़तों की प्रायवेट जानकारी और फुटेज ले लेते है और फिर ब्लैकमेल करने का काम करते है। पूर्व में भी इस तरह की घटना हो चुकी है। इन सभी घटनाओं से बचने के लिए जागरूक होना जरूरी है। अंजान शख्स की फ्रेड रिक्वेस्ट को सोशल मीडिया में एक्सेप्ट ना करके भी इस तरह की वारदातों से बचा जा सकता है।
साइबर सेल निरीक्षक रमाकांत साहू ने कहा, राजस्थान में सक्रिय आरोपी इस तरह की घटना को अंजाम देते है। पीडि़त या उनसे जुड़े लोगों को डरने की आवश्यकता नहंी है। शिकायत मिलने पर आरोपियों के खिलाफ ठोस कार्रवाई की जाएगी।