रायपुर

Vegetable Price Hike: छत्तीसगढ़ में रसोई का बजट बिगड़ा, सब्जियों के दामों में भारी उछाल, 1300 रुपए कैरेट बिक रहा टमाटर

Chhattisgarh News: सब्जियों के दाम तेजी से बढ़ने लगे हैं, जिससे आम लोगों के रसोई बजट पर असर पड़ रहा है। खासकर टमाटर के दामों में भारी बढ़ोतरी देखने को मिल रही है।
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Updated: 19 Jun 2026, 1:37 PM IST
Vegetable Price Hike
सब्जियों के दामों में भारी उछाल (Photo Patrika)

Vegetable Prices in Chhattisgarh: राजिम में तेज गर्मी के कारण सब्जियों के उत्पादन में कमी आने से क्षेत्र में आवक लगातार घट रही है। इसका सबसे अधिक असर टमाटर की कीमतों पर देखने को मिल रहा है। करीब पंद्रह दिन पहले तक स्थानीय टमाटर बाजार में उपलब्ध थे, लेकिन अब उनकी आवक लगभग पूरी तरह बंद हो चुकी है। स्थानीय आपूर्ति रुकने के कारण बाजार अब बेंगलुरु और नासिक से आने वाले टमाटरों पर निर्भर हो गया है। बेंगलूर और नासिक से आने वाले टमाटर ही अब बाजार की मांग पूरी कर रहे हैं।

Prices of Green Vegetables: 40 से 50 रुपए प्रति किलो टमाटर

थोक सब्जी मंडी में टमाटर की कीमत 700 से 800 रुपए प्रति कैरेट तक पहुंच गई है, जबकि फुटकर बाजार में यह 40 से 50 रुपए प्रति किलो बिक रहा है। व्यापारियों का कहना है कि यदि स्थानीय फसल समय पर बाजार में नहीं आई, तो आने वाले दिनों में कीमतें और बढ़ सकती हैं। पिछले वर्ष इसी अवधि में टमाटर की कीमत 1200 से 1300 रुपए प्रति कैरेट तक पहुंच गई थी। ऐसे में इस बार भी महंगाई बढऩे की आशंका जताई जा रही है। गर्मी के मौसम में स्थानीय किसानों द्वारा टमाटर की खेती कम करने के कारण उत्पादन घटा है।

इस प्रकार सब्जियों की रेट लिस्ट

रायपुर मंडियों के माध्यम से अन्य राज्यों से टमाटर मंगाया जा रहा है। इसके अलावा अन्य सब्जियों के दाम भी ऊंचे बने हुए हैं। बाजार में फूलगोभी 60 रुपए किलो, कुंदरू, मुनगा और गवार फली 80 रुपए किलो, लौकी 30 रुपए, करेला 25, भिंडी और बैंगन 40 रुपए प्रति किलो बिक रहे हैं। हरी धनिया 70 से 80 रुपए, हरी मिर्च 70 रुपए और अदरक 150 रुपये प्रति किलो तक पहुंच गया है। फलों में केला 30 रुपए, परवल 50 रुपये और जामुन 150 से 200 रुपये प्रति किलो बिक रहा है।

अभी और कीमत में उछाल

थोक सब्जी मंडी संघ के अध्यक्ष विष्णु राम जांगड़े ने बताया कि गर्मी के कारण सामान्य रूप से सब्जियों की आवक घट जाती है। इस बार स्थानीय टमाटर की कमी के कारण बाहरी राज्यों से आपूर्ति करनी पड़ रही है। यदि मौसम और आपूर्ति की स्थिति नहीं सुधरी तो कीमतों में और वृद्धि संभव है।

Updated on:
19 Jun 2026, 1:37 PM IST
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