Train Cancellation News: छत्तीसगढ़ से यूपी-बिहार को जाने वाली छपरा-दुर्ग-छपरा सारनाथ एक्सप्रेस को 2 दिसंबर से 29 फरवरी 2024 के बीच तक के लिए कैंसिल कर दिया गया है, तो आइए देखें List
Indian Railway: रेलवे के जिस सारनाथ एक्सप्रेस में आम दिनों में भी आसानी से कंफर्म टिकट नहीं मिलता है, उस ट्रेन में अगले तीन महीने तक रिजर्वेशन न कराएंगे। ऐसा अलर्ट रेलवे प्रशासन ने घना कोहरा छाने वाली फाइल देखकर जारी किया है। क्योंकि दोनों तरफ दुर्ग से छपरा के बीच चलने वाली यह एक्सप्रेस ट्रेन 2 दिसंबर से 27 फरवरी के बीच दोनों तरफ से 35 दिनों से अधिक रद्द रहेगी।
सारनाथ एक्सप्रेस ऐसे समय में कैंसिल होगी, जब प्रयागराज में आस्था का मेला लगता है। अधिकांश लोग गंगा स्नान करने जाते हैं और इसी ट्रेन से वापस आते हैं, लेकिन उत्तर पूर्व रेलवे (Indian Railway) ने दिसंबर, जनवरी और फरवरी महीने में कोहरा छाने का अनुमान लगाते हुए ट्रेन नंबर 15159/15160 छपरा-दुर्ग-छपरा सारनाथ एक्सप्रेस के रद्द होने की तारीखों को जारी किया गया है। ताकि यात्री इस ट्रेन में रिजर्वेशन न कराएंगे।
दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के रेल यात्रियों को दिवाली के समय एक साप्ताहिक सुपरफास्ट ट्रेन की सुविधा 23 अक्टूबर से मिलने जा रही है। यह सुपरफास्ट ट्रेन गया से 22358 नंबर से प्रत्येक बुधवार को एलटीटी के लिए रवाना होगी और एलटीटी से 22357 नंबर से प्रत्येक शुक्रवार को 25 अक्टूबर से गयाधाम के लिए चलेगी। मुख्य हावड़ा-मुंबई रेल लाइन पर चलने वाली इस साप्ताहिक ट्रेन में एसी फर्स्ट-01, 02 एसी/ ढ्ढढ्ढ-2, एसी/ ढ्ढढ्ढढ्ढ-3, स्लीपर-9, सेकंड सीटिंग कोच- 6 तथा एसएलआर-2 सहित 22 कोच के साथ चलेगी।
रेलवे खान पान सेवा ठेकादारी कर्मचारी कल्याण संघ ने स्टेशन के सभी प्लेटफार्म में संचालित टी स्टालों एवं फूड स्टालों सहित रेलवे स्टेशन के सभी प्रवेश गेट पर यात्री सुरक्षा एवं स्टेशन की सुरक्षा के लिए पुलिस थाने का फोन नंबर व थाना प्रभारी का मोबाइल नंबर चस्पा करने की मांग की गई थी। लेकिन एक माह से अधिक समय बीत जाने के बाद रेलवे पुलिस ने कोई ध्यान नहीं दिया। जबकि विगत तीन सितंबर को रेल पुलिस अधीक्षक को पत्र लिखकर सुरक्षा की स्थिति से अवगत कराया था। कल्याण संघ के अध्यक्ष ऋषि उइके का कहना है कि आम रेल यात्रियों को किसी प्रकार की घटना होने पर काफी दिक्कत होती है।
साथ ही रात में जो वेंडर स्टालों में काम करते हैं वह भी अपने को असुरक्षित महसूस कर रहे हैं, क्योंकि रेलवे स्टेशन रायपुर में रात-दिन लोगों का आना जाना लगा रहता है। यदि पुलिस सहायता नंबर चस्पा होगा तो तुरंत पुलिस को सूचना दी जा सकती है। लेकिन इस मामले को रेलवे पुलिस अधीक्षक द्वारा कोई सुनवाई नहीं की गई।