IPS Vikas Kumar: रायपुर के DCP (ट्रैफिक-प्रोटोकॉल) IPS विकास कुमार को केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर NIA में SP बनाया गया। गृह मंत्रालय ने जारी किया आदेश, राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े मामलों की जांच करेंगे।
IPS Vikas Kumar: छत्तीसगढ़ की राजधानी Raipur कमिश्नरेट में डीसीपी (ट्रैफिक-प्रोटोकॉल) के पद पर तैनात 2020 बैच के आईपीएस अधिकारी Vikas Kumar को केंद्र सरकार ने अहम जिम्मेदारी सौंपी है। उन्हें केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर National Investigation Agency (एनआईए) में पुलिस अधीक्षक (SP) के पद पर नियुक्त किया गया है। इस संबंध में Ministry of Home Affairs ने गुरुवार को छत्तीसगढ़ के मुख्य सचिव को औपचारिक पत्र जारी कर दिया है।
विकास कुमार रायपुर कमिश्नरेट में ट्रैफिक और प्रोटोकॉल जैसे संवेदनशील विभागों की जिम्मेदारी संभाल रहे थे। उनके कार्यकाल के दौरान ट्रैफिक प्रबंधन, वीआईपी मूवमेंट और शहर में यातायात व्यवस्था को सुव्यवस्थित करने के लिए कई सुधारात्मक कदम उठाए गए। उन्होंने तकनीक के इस्तेमाल, बेहतर मॉनिटरिंग और जमीनी स्तर पर सख्ती के जरिए ट्रैफिक सिस्टम को अधिक प्रभावी बनाने का प्रयास किया।
एनआईए में नियुक्ति किसी भी आईपीएस अधिकारी के लिए प्रतिष्ठित और चुनौतीपूर्ण मानी जाती है। National Investigation Agency देश में आतंकवाद, संगठित अपराध और राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े गंभीर मामलों की जांच करती है। ऐसे में विकास कुमार की यह पोस्टिंग उनके करियर का महत्वपूर्ण पड़ाव मानी जा रही है, जहां उन्हें राष्ट्रीय स्तर के संवेदनशील मामलों से निपटने का अवसर मिलेगा।
एनआईए की स्थापना वर्ष 2008 में Mumbai Attacks 2008 के बाद की गई थी, ताकि देश में आतंकवाद से जुड़े मामलों की केंद्रीय स्तर पर प्रभावी जांच की जा सके। यह एजेंसी विभिन्न राज्यों में होने वाले आतंकी घटनाओं, मॉड्यूल, फंडिंग और अंतरराष्ट्रीय कनेक्शन की जांच करती है। एनआईए को विशेष शक्तियां प्राप्त हैं, जिसके तहत वह बिना राज्य की अनुमति के भी राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े मामलों की जांच कर सकती है।
छत्तीसगढ़ कैडर के युवा आईपीएस अधिकारी का एनआईए में चयन राज्य के लिए भी गर्व का विषय माना जा रहा है। यह न केवल उनकी व्यक्तिगत उपलब्धि है, बल्कि यह दर्शाता है कि राज्य के अधिकारी राष्ट्रीय स्तर पर भी अपनी क्षमता और दक्षता का प्रदर्शन कर रहे हैं।
केंद्रीय प्रतिनियुक्ति के दौरान विकास कुमार को देशभर में विभिन्न संवेदनशील मामलों की जांच और समन्वय की जिम्मेदारी निभानी होगी। उनके अनुभव और कार्यशैली से उम्मीद की जा रही है कि वे एनआईए में भी अपनी पहचान मजबूत करेंगे और राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े मामलों में महत्वपूर्ण योगदान देंगे।