रायपुर

Mahadev Ghat Corridor: महाकाल की तर्ज पर बनेगा महादेव घाट कॉरिडोर, विधायक-मेयर ने देखा प्रोजेक्ट प्रेजेंटेशन, 50 करोड़ का प्लान तैयार

Mahadev Ghat Corridor: राजधानी रायपुर का सबसे बड़ा आस्था का केंद्र महादेवघाट परिसर के सौंदर्यीकरण का खाका तैयार किया गया है। प्राचीन मंदिरों को नया स्वरूप और सड़कें चौड़ी होंगी।
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Updated: 28 Apr 2025, 11:12 AM IST
Mahadev Ghat Corridor: महाकाल की तर्ज पर बनेगा महादेव घाट कॉरिडोर, विधायक-मेयर ने देखा प्रोजेक्ट प्रेजेंटेशन, 50 करोड़ का प्लान तैयार

Mahadev Ghat Corridor: राजधानी रायपुर का सबसे बड़ा आस्था का केंद्र महादेवघाट परिसर के सौंदर्यीकरण का खाका तैयार किया गया है। प्राचीन मंदिरों को नया स्वरूप और सड़कें चौड़ी होंगी। गार्डन भी आकर्षक ढंग से बनेगा। इसके लिए 50 करोड़ का प्लान तैयार किया गया है।

एक चौड़ी सड़क विसर्जन कुंड से टाटीबंध होकर चंदनीडीह तक जाएगी। इससे दुर्गा पूजा और गणेश उत्सव के दौरान मूर्तियों के विसर्जन के दौरान शहर के लोगों को काफी सुविधा होगी। महादेव घाट का स्वरूप अब और अधिक भव्य और आकर्षक होगा। उज्जैन के महाकाल कॉरिडोर की तर्ज पर महादेव कॉरिडोर का निर्माण किया जाएगा। ये काम तीन सरकारी एजेंसियां नगर निगम, पीडब्ल्यूडी और सिंचाई विभाग मिलकर करेगा। इससे महादेव घाट का भव्य स्तर पर कायाकल्प।

महादेव कॉरिडोर प्रोजेक्ट को लेकर रविवार को पीडब्ल्यूडी ने प्रजेंटेशन दिया। महादेवघाट ऐसा धार्मिक स्थान है, जहां महाशिवरात्रि और पुन्नी मेला हजारों की संख्या में लोग आते हैं। आस्था का मेला भरता है। यह स्थान रायपुर एवं आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों के लिए एक नया धार्मिक पर्यटन केंद्र का स्वरूप लेगा।

विधायक के सामने दिया प्रजेंटेशन

रायपुर पश्चिम विधायक राजेश मूणत ने नगर निगम, लोक निर्माण और जल संसाधन विभाग के अधिकारियों के साथ महादेव कॉरिडोर प्रोजेक्ट की समीक्षा बैठक ली। बैठक में महापौर मीनल चौबे, सभापति सूर्यकांत राठौर, लोक कर्म समिति के सदस्य दीपक जायसवाल तथा निगम आयुक्त विश्वदीप समेत संबंधित विभागों के अधिकारी शामिल थे। इस अवसर पर विस्तृत प्रजेंटेशन प्रस्तुत किया। मूणत ने कहा कि इस सौंदर्यीकरण कार्य में किसी को भी विस्थापित नहीं किया जाएगा बल्कि व्यवस्थापित किया जाएगा।

दो महीने में शुरू होगा निर्माण

नगर निगम के योजना विभाग से नगरोत्थान योजना के तहत महादेवघाट परिसर में 20 करोड़ का काम होगा। टेंडर प्रक्रिया और वर्कऑर्डर जारी करने में करीब दो महीने का समय लगेगा। इसके बाद ही निर्माण शुरू होगा। जबकि विसर्जन कुंड से लेकर टाटीबंध तक सड़क निर्माण का काम लोक निर्माण विभाग कराएगा।

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28 Apr 2025, 11:12 AM IST
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