
रायपुर@पीलूराम साहू। Chhattisgarh Weather Update: पिछले 11 सालों में अक्टूबर तीसरी बार सबसे ज्यादा गर्म गुजर रहा है। इस साल 10 अक्टूबर को अधिकतम तापमान 35.7 डिग्री पर पहुंच गया। मौसम विज्ञानियों के अनुसार मानसून की वापसी के बाद बादल साफ हो जाता है, जिससे जमीन पर धूप सीधी पड़ती है और दिन का तापमान बढ़ जाता है। इससे पहले 8 अक्टूबर 2023 को पारा 35.7 तथा 3 अक्टूबर 2024 को 36.4 डिग्री पर था। मानसूनी सीजन 30 सितंबर को खत्म हो गया।
वहीं प्रदेश से मानसून की वापसी 12 अक्टूबर को हो गई। इन दिनों रायपुर को छोड़कर बिलासपुर, बलरामपुर व अन्य स्थानों पर बारिश हुई है। रायपुर में बारिश नहीं होने के कारण तापमान बढ़ गया और प्रदेश में सबसे ज्यादा गर्म रहा है। अक्टूबर के 14 दिनों में पारा औसतन 34 डिग्री या इससे ज्यादा रहा है। अक्टूबर में तेज धूप तो पड़ती है, लेकिन इतनी नहीं कि चुभ जाए। इस बार की धूप चुभ भी रही है। यही नहीं उमस से लोग भी बेहाल रहे।
प्रदेश में इस बार 1195.1 मिमी बारिश हुई है, जो पिछले 23 सालों में पांचवीं बार सबसे ज्यादा है। यह सामान्य से 5 फीसदी ज्यादा है। रायपुर जिले में रेकार्ड सामान्य से 29 फीसदी ज्यादा 1322.9 मिमी पानी गिरा है। शहरी इलाकों में भी अच्छी बारिश हुई है। इसके बावजूद पारा का ज्यादा चढ़ना चौंकाने वाला है। प्रदेश में इस सीजन में सरगुजा, बेमेतरा व केवल जशपुर जिले में सामान्य से कम पानी गिरा है।
ऊपरी हवा के चक्रवात व द्रोणिका के असर से 15 अक्टूबर से दक्षिण छत्तीसगढ़ यानी बस्तर संभाग में तेज हवा, बादलों की गर्जना के बीच हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। आकाशीय बिजली गिरने की भी आशंका है। मौसम विभाग के अनुसार इस दौरान प्रदेश के ज्यादातर इलाकों में बादल छाए रहेंगे। राजधानी में बुधवार को बादल छाए रहे। इस कारण अधिकतम तापमान 33 डिग्री रहा।
वर्ष - अधि तापमान - तारीख - मासिक बारिश
एमएल साहू, पूर्व डिप्टी डायरेक्टर जनरल मौसम विभाग के मुताबिक, मानसून की वापसी के बाद आसमान में बादल नहीं रहने से सूर्य की धूप धरती पर सीधी पड़ती है, जिससे अधिकतम तापमान बढ़ जाता है। नमी व उच्च तापमान के कारण उमस भी बढ़ जाती है। उत्तर-पश्चिमी हवा के कारण दोपहर गर्म हो जाती है। यही कारण है कि रात में भी पहले की तुलना में ज्यादा गर्मी महसूस हो रही है। 15 अक्टूबर से दक्षिण छत्तीसगढ़ में बारिश होगी, जिससे तापमान गिरेगा।