
रायपुर@ राकेश टेंभुरकर। Chhattisgarh News: परमिट लेने के बाद भी यात्री बसों का संचालन, टाइमिंग और निर्धारित मार्गों में संचालन नहीं करने पर कड़ी कार्रवाई होगी। ज्वलनशील एवं प्रतिबंधित सामानों और मालवाहकों में सामानों का परिवहन करने पर एफआईआर कर जब्त किया जाएगा। साथ ही परमिट निरस्त कर जुर्माना वसूला जाएगा। उक्त मार्ग पर किसी दूसरे को परमिट जारी होगा।
यात्रियों की लगातार शिकायत मिलने पर बुधवार को परिवहन विभाग सचिव एस प्रकाश एवं अपर परिवहन आयुक्त डी. रविशंकर ने विभागीय अधिकारियों की बैठक ली। उन्होंने नियमों को ताक पर रखकर बसों को चलाने और बकाया टैक्स नहीं देने वालों के खिलाफ अभियान चलाकर कार्रवाई करने कहा।
बकाया टैक्स नहीं देने वालों का ब्योरा विभागीय अधिकारियों सभी चेकपोस्ट, उड़नदस्ता को दिया जाएगा। उन्हें अपने क्षेत्र में बकाया टैक्स की वसूली के लिए अभियान राजस्व वसूली करने के निर्देश दिए गए हैं।
ई-चालानों के भुगतान और निराकरण की प्रक्रिया को सरल बनाने के साथ ही त्वरित निराकरण करने के लिए जिम्मेदार अधिकारी-कर्मचारी को ड्यूटी पर तैनात किया जाएगा। ताकि गलत तरीके से काटे गए ई-चालान को निरस्त किया जा सके। इसके लिए अलग से सभी आरटीओ में काउंटर बनाया जाएगा।
अधिकारी की निगरानी में जांच
ड्राइविंग लाइसेंस का टेस्ट और फिटनेस अधिकृत अधिकारी की निगरानी में होगा। इसके लिए डीएल ट्रैक की समीक्षा की गई। दुर्ग के ऑटोमेटेड फिटनेस सेंटर द्वारा अवैध फिटनेस देने पर सेंटर, वाहन मालिक और वेंडरों के खिलाफ कार्रवाई के आदेश दिए गए।
परिवहन विभाग ने यात्री बसों के संचालन में नियमों की अनदेखी और टैक्स बकाया मामलों को गंभीरता से लेते हुए सख्त कार्रवाई का निर्णय लिया है। अब जो बसें निर्धारित रूट, समय और परमिट शर्तों का पालन नहीं करेंगी, उनका परमिट निरस्त किया जाएगा और जुर्माना भी लगाया जाएगा। साथ ही बकाया टैक्स वसूली के लिए चेकपोस्ट और उड़नदस्ता स्तर पर विशेष अभियान चलाया जाएगा, जिससे राजस्व की रिकवरी सुनिश्चित की जा सके।
इसके अलावा, विभाग ने ई-चालान प्रणाली को और पारदर्शी बनाने के लिए अलग काउंटर और जिम्मेदार अधिकारियों की तैनाती की बात कही है, ताकि गलत चालानों का त्वरित निराकरण हो सके। ड्राइविंग लाइसेंस टेस्ट और वाहन फिटनेस प्रक्रिया पर भी अब अधिकृत अधिकारियों की निगरानी होगी। अवैध फिटनेस सेंटरों पर कार्रवाई के निर्देश देकर सिस्टम में जवाबदेही तय की गई है।
कुल मिलाकर, यह कदम परिवहन व्यवस्था को अनुशासित, पारदर्शी और सुरक्षित बनाने की दिशा में उठाया गया है, जिससे नियमों का पालन न करने वालों पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित किया जा सके।
परिवहन विभाग द्वारा लिए गए इन निर्णयों से स्पष्ट है कि अब यात्री बस संचालन और परिवहन व्यवस्था में किसी भी प्रकार की लापरवाही या नियम उल्लंघन को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। निर्धारित रूट, समय और परमिट शर्तों का पालन न करने वाली बसों पर सख्त कार्रवाई के साथ परमिट निरस्त करने और जुर्माना वसूलने का प्रावधान व्यवस्था को अनुशासित बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। वहीं टैक्स बकायादारों के खिलाफ अभियान और उनकी सूची सार्वजनिक करने से राजस्व वसूली में पारदर्शिता और तेजी आने की संभावना है।
ई-चालान प्रणाली में सुधार, आरटीओ में अलग काउंटर की व्यवस्था और गलत चालानों के त्वरित निराकरण से आम जनता को राहत मिलेगी और प्रक्रिया अधिक पारदर्शी बनेगी। इसके साथ ही ड्राइविंग लाइसेंस टेस्ट और वाहन फिटनेस की निगरानी अधिकृत अधिकारियों के माध्यम से करने से अनियमितताओं पर रोक लगेगी। अवैध फिटनेस सेंटरों पर कार्रवाई से वाहन सुरक्षा मानकों को भी मजबूती मिलेगी।
कुल मिलाकर, यह पूरा कदम परिवहन व्यवस्था में अनुशासन, पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने की दिशा में उठाया गया है, जिससे न केवल राजस्व वसूली में सुधार होगा बल्कि यात्रियों की सुरक्षा और सुविधा भी मजबूत होगी।