रायपुर

नवरात्र में डोंगरगढ़ आने वाले श्रद्धालुओं को मिलेगा नया अनुभव, मंदिर की तर्ज पर संवारा गया रेलवे स्टेशन, देखें नया रूप

Amrit Bharat Station Scheme: नवरात्र में मां बम्लेश्वरी के दर्शन के लिए डोंगरगढ़ पहुंचने वाले श्रद्धालुओं को इस बार रेलवे स्टेशन पर भी नया अनुभव मिलेगा। अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत डोंगरगढ़ रेलवे स्टेशन का कायाकल्प किया गया है।
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Updated: 2 Nov 2026, 9:57 AM IST
Maa Bamleshwari Temple
मंदिर की तर्ज पर संवारा गया रेलवे स्टेशन (फोटो सोर्स- पत्रिका)

Dongargarh Railway Station: भारतीय रेलवे की महत्वाकांक्षी ‘अमृत भारत स्टेशन योजना' से अब सूरत बदलने लगी है। प्रसिद्ध डोंगरगढ़ रेलवे स्टेशन को एक नया, भव्य और आकर्षक स्वरूप दिया गया है। शक्तिपीठ होने से इसकी धार्मिक पहचान पूरे देश में है। इस स्टेशन को "मां बम्लेश्वरी मंदिर’ की थीम पर आधारित पुनर्विकास कार्य क्षेत्र की सांस्कृतिक और धार्मिक विरासत को सुंदर आकार दिया गया है।

डोंगरगढ़ स्टेशन की बाहरी इमारत और मुख्य द्वार की डिज़ाइन मां बम्लेश्वरी मंदिर की पहाड़ियों और पारंपरिक वास्तुकला से प्रेरित है। यात्रियों की सुगमता के लिए स्टेशन पर चौड़े फुट ओवर ब्रिज, आधुनिक लिफ्ट और एस्केलेटर स्थापित किए गए हैं। स्टेशन परिसर में टू व्हीलर, फोर व्हीलर के साथ थ्री व्हीलर वाहनों के लिए पार्किंग व्यवस्था की गई है। पार्किंग में आधुनिक पाली कार्बोनेट शेड बनाए गए हैं, इससे धूप और बारिश से सुरक्षा मिलेगी।

अलग-अलग काउंटर, दिव्यांगों को विशेष सुविधा

स्टेशन के पुनर्विकास के तहत दिव्यांग यात्रियों की सुविधा का विशेष ध्यान रखा गया है। इनके लिए अलग टिकट काउंटर तैयार किया गया है। स्टेशन के अंदर भी फर्स्ट क्लास और सेकंड क्लास वेटिंग हाॅल बनाए गए हैं। प्लेटफार्म और मुख्य मार्ग से स्टेशन परिसर पहुंचने वाली सड़क को दुरुस्त कर पानी निकासी के लिए नाली निर्माण कराया। दिव्यांगजन, महिलाओं और पुरुषों के लिए अलग- अलग आधुनिक शौचालय और स्टेशन भवन में पाली कार्बोनेट एवं एसीपी कार्य से आकर्षक स्वरूप दिया गया है।

परिसर में विकसित किया उद्यान, आर्टवर्क आकर्षक

स्टेशन परिसर को हरी घास और आकर्षक पौधों के माध्यम से उद्यान विकसित किया गया है। परिसर में आर्टवर्क के जरिए डोंगरगढ़ क्षेत्र के इतिहास, संस्कृति और पुरानी विरासत को प्रदर्शित किया गया है। स्टेशन के ऐतिहासिक और धार्मिक स्वरूप में यहां नवरात्र और अन्य पर्वों पर आने वाले यात्रियों को सुकून का एहसास हो सके।

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2 Nov 2026, 9:57 AM IST
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