
रायपुर@राहुल जैन। Chhattisgarh Youth Congress Election 2026: युवा कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष के लिए जुलाई में चुनाव होने की संभावना है, लेकिन इससे पहले चुनाव को लेकर सरगर्मी बढ़ गई है। पिछले दिनों प्रदेश अध्यक्ष के 36 दावेदारों को इंटरव्यू के लिए दिल्ली बुलाया गया था। इसमें सबसे अधिक चर्चा पूर्व मंत्री अमरजीत भगत के बेटे आदित्य और पूर्व विधायक अरुण वोरा के बेटे संदीप की रही।
सबसे चौंकाने वाली बात पूर्व डिप्टी सीएम टीएस सिंहदेव के भतीजे आदित्येश्वरशरण सिंहदेव को लेकर रही। युवा कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष की दौड़ में उनका नाम प्रमुखता से चल रहा था, लेकिन वो दिल्ली इंटरव्यू देने नहीं गए। उन्होंने सूचना दे दी कि वो चुनाव लड़ने के इच्छुक नहीं हैं।
दिल्ली में इंटरव्यू युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष उदयभानु चिव और प्रभारी मनीष शर्मा ने लिया। सभी से वन-टू-वन चर्चा की गई। दावेदारों से पूछा गया कि वो चुनाव लड़ने के इच्छुक क्यों हैं। उन्होंने अब तक पार्टी के लिए क्या काम किया है। इसके अलावा दावेदारों की उपलिब्धयों से जुड़े भी सवाल पूछे गए हैं। इसके आधार पर अब एक सूची जारी होगी। जारी सूची में जिनके नाम होंगे, वो ही प्रदेश अध्यक्ष का चुनाव लड़ सकेंगे। इसके अलावा जिलाध्यक्षों के चुनाव के लिए भी अलग से सूची जारी होगी।
युवा कांग्रेस चुनाव के लिए बड़े नेता भी सक्रिय हो गए हैं। वो अपने-अपने समर्थकों को आगे कर रहे हैं। यदि ऐसा होगा, जो यह चुनाव काफी रोचक हो जाएगा। इस चुनाव के बहाने नए समीकरण भी देखने को मिल सकते हैं।
युवा कांग्रेस का चुनाव किसी मायने में आसान नहीं होगा। इसे खर्चीला माना जा रहा है। दरअसल, चुनाव के बहाने युवा कांग्रेस का सदस्यता अभियान चलेगा। इस बार सदस्यता शुल्क 50 रुपए से बढ़ाकर 75 रुपए कर दिया है। जो कार्यकर्ता सदस्यता शुल्क देंगे, वो ही वोट डाल सकेंगे। यानी प्रदेश अध्यक्ष के दावेदारों को नए सदस्य बनाने के लिए काफी मशक्कत करनी होगी। प्रदेश में इस बार 12-15 लाख युवाओं को सदस्य बनाने की तैयारी है।
कुल मिलाकर, युवा कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष पद का चुनाव इस बार काफी रोचक और प्रतिस्पर्धी होने वाला है। बड़े नेताओं के समर्थकों और उनके परिजनों की दावेदारी ने चुनाव को राजनीतिक रूप से अहम बना दिया है। जुलाई में संभावित चुनाव से पहले उम्मीदवारों की अंतिम सूची पर सभी की नजरें टिकी हैं, क्योंकि इसके नतीजे प्रदेश कांग्रेस की भविष्य की राजनीति और युवा नेतृत्व की दिशा तय कर सकते हैं।