
रायपुर . शासकीयकरण और संविलियन सहित नौ सूत्रीय मांग को लेकर हड़ताल पर बैठे शिक्षाकर्मियों की प्रदेश सरकार के साथ हुई बातचीत विफल रही। विभाग के अपर मुख्य सचिव और शिक्षाकर्मियों के बीच करीब 20 मिनट तक चली बातचीत हुई। मांग को लेकर बातचीत विफल होने पर शिक्षाकर्मी संगठन ने 2 दिसंबर को राजधानी में अधिकार रैली निकालने का एेलान किया। इस रैली में शिक्षाकर्मी अपने पूरे परिवार के साथ शामिल होंगे।
दरअसल, प्रदेश सरकार के बुलावे पर शुक्रवार को पंचायत विभाग के नए अपर मुख्य सचिव आरपी मंडल और छत्तीसगढ़ शिक्षक पंचायत नगरी निकाय मोर्चा के पदाधिकारियों के साथ बैठक हुई। शिक्षाकर्मियों की संविलियन की मांग को लेकर अपर मुख्य सचिव आरपी मंडल ने दो टूक जवाब दिया कि संविलियन में संवैधानिक दिक्कत आ रही है, इसलिए उनकी ये मांग अभी पूरी नहीं की जा सकती।
बताया जाता है कि नए अपर मुख्य सचिव के अस्वस्थ होने के कारण बातचीत ज्यादा लंबी नहीं चल सकी। सरकार के साथ बातचीत विफल होने पर मोर्चे के प्रांतीय संयोजक केदार जैन ने बताया कि अफसरों के सामने अन्य मांगों को रखा गया तो उनका पुराना जवाब आया कि मुख्य सचिव की अध्यक्षता में कमेटी बन गई है इसलिए आपको उस कमेटी के निर्णय का इंतजार करना चाहिए।
मोर्चे के प्रांतीय संयोजक केदार जैन ने बताया की वार्ता विफल होने के बाद कल २ दिसंबर को प्रदेश स्तरीय शिक्षाकर्मी परिवार सहित राजधानी में आकर अधिकार रैली निकालेंगे. उन्होंने बताया कि आगे भी ये आंदोलन जारी रहेगा। सरकार को शिक्षाकर्मियों की मांगों को पूरा करने की दिशा में पहल करनी ही चाहिए।