राजधानी रायपुर में बुधवार को फर्जी पुलिस बनकर लोगों को धमकाने वाले तीन आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है।
रायपुर . सोचिए अचानक कोई शख्स आपके पास आकर खुद को पुलिस वाला बताए और कहे कि आपका मोबाइल चोरी का है, एेसे में हो सकता है आपके पसीने छूट जाए। लेकिन बाद में पता चले कि वो शख्स फर्जी पुलिस वाला है। दरअसल, एेसा ही एक वाकया राजधानी रायपुर में सामने आया है, जहां फर्जी पुलिस बनकर लोगों को धमकाने वाले तीन आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। तीनों आरोपी फर्जी पुलिस बनकर लोगों को धमकाते और उनसे जबरन वसूली करते थे। पुलिस ने तीनों आरोपियों के खिलाफ थाना में केस दर्ज कर लिया है।
दरअसल, मामला थाना खमतराई का है, जहां गणेश यादव (23 साल) नाम का एक शख्स मिलन होस्टल के पास खडा था। तभी उसके पास श्रीनगर निवासी संतोष पटेल (32 साल) पहुंचा और धमकाने लगा। संतोष ने गणेश से कहा कि तुम्हारे पास जो मोबाइल है वो चोरी का है। मैं इसकी शिकायत पुलिस में करूंगा और तुम्हें अरेस्ट करवाउंगा। इससे गणेश डर गया। संतोष उसे सूनसान जगह ले गया और अपने अन्य दो दोस्तों को फोन कर बुलाया।
थोड़ी देर बाद संतोष के दोस्त टीकम साहू उम्र (35 साल) और विक्रांत निर्मलकर (26 साल) मौके पर पहुंचे और खुद को पुलिस बताकर धमकाने लगे। गणेश ने उनके आरोपों को इनकार करते हुए कहा कि ये मेरा मोबाइल है, मैंने इसे दुकान से खरीदा है। लेकिन टीकम और विक्रांत नहीं माने और गणेश के खिलाफ केस दर्ज करने की भी धमकी दी और उससे मोबाइल छीनकर वहां से चले गए।
इसके बाद गणेश खमतराई थाना पहुंचा, जहां उसने आरोपियों के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई। गणेश की शिकायत पर पुलिस ने जांच की और तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके खिलाफ धारा 384,419,12 बी के तहत केस दर्ज कर लिया है। बतादें कि पुलिस ने बीते दिनों शहर में एक लुटेरे गिरोह के सक्रिय होने पर अलर्ट जारी किया था।