Traffic Rule Violation: शहर में ड्रिंक एंड ड्राइव के खिलाफ पुलिस ने सख्त अभियान चलाते हुए जनवरी 2026 से अब तक 913 चालकों पर कार्रवाई की है।
Traffic Rule Violation: शहर में सड़क सुरक्षा को लेकर पुलिस ने सख्ती बढ़ा दी है। जनवरी 2026 से अब तक यातायात पुलिस ने 913 लोगों को शराब पीकर वाहन चलाते हुए पकड़ा है। सभी के खिलाफ मोटर व्हीकल एक्ट की धारा 185 के तहत कार्रवाई की गई है। अभियान के दौरान कई वाहनों को जब्त भी किया गया, लेकिन बड़ी संख्या में वाहन मालिक अब तक अपनी गाड़ियां लेने नहीं पहुंचे हैं।
इस स्थिति को देखते हुए एसएसपी रजनेश सिंह ने निर्देश जारी किए हैं कि जो वाहन मालिक कोर्ट में पेश होकर अपने वाहन की सुपुर्दगी नहीं लेंगे, उनके वाहनों की नियमानुसार नीलामी की जाएगी।
इसी बीच गुरुवार रात शहर के पुराने बस स्टैंड इलाके में एक हैरान करने वाली घटना सामने आई। पुलिस लाइन में पदस्थ एक आरक्षक नशे की हालत में हनुमान प्रतिमा के पास बेंच पर पड़ा मिला। वह वर्दी में था, लेकिन उसकी नेम प्लेट नहीं थी। सूचना मिलने पर पेट्रोलिंग टीम मौके पर पहुंची और उसे सुरक्षित घर पहुंचाया गया। यह घटना पुलिस विभाग के अंदर अनुशासन को लेकर सवाल खड़े करती है।
Traffic Rule Violation: पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि सड़क दुर्घटनाओं को रोकने और लोगों की सुरक्षा के लिए ड्रिंक एंड ड्राइव के खिलाफ अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा। नियम तोड़ने वालों पर सख्त कार्रवाई होगी, चाहे वह आम नागरिक हों या वर्दीधारी कर्मचारी।
पुलिस का कहना है कि नशे में वाहन चलाना न सिर्फ कानून का उल्लंघन है, बल्कि यह दूसरों की जान के लिए भी बड़ा खतरा है। इसलिए नियमित चेकिंग, निगरानी और वाहन जब्ती जैसी कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी। साथ ही, इस तरह की घटनाओं को देखते हुए विभाग के भीतर अनुशासन और प्रशिक्षण पर भी जोर देने की जरूरत बताई जा रही है।
शहर में ड्रिंक एंड ड्राइव के खिलाफ चलाया जा रहा अभियान सड़क सुरक्षा को लेकर पुलिस की प्राथमिकता को दर्शाता है। देशभर में हर साल होने वाली सड़क दुर्घटनाओं में शराब पीकर वाहन चलाना एक प्रमुख कारण माना जाता है। इसी को ध्यान में रखते हुए पुलिस और परिवहन विभाग समय-समय पर विशेष अभियान चलाते हैं।
भारत में मोटर व्हीकल एक्ट की धारा 185 के तहत शराब पीकर वाहन चलाना दंडनीय अपराध है। यदि किसी चालक के खून में अल्कोहल की मात्रा तय सीमा से अधिक पाई जाती है, तो उसके खिलाफ जुर्माना, लाइसेंस निलंबन और यहां तक कि जेल की सजा का प्रावधान है। बार-बार नियम तोड़ने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाती है।