MP News: सीएमएचओ मैडम ने मांगी थी 50 हजार रुपये रिश्वत, 30 हजार पहले ही ले चुकी थीं और 20 हजार की दूसरी किस्त लेते लोकायुक्त ने रंगेहाथों पकड़ा।
MP News: मध्यप्रदेश के राजगढ़ में शुक्रवार देर शाम लेडी सीएमएचओ (CMHO) को 20 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए भोपाल लोकायुक्त (Bhopal Lokayukta) की टीम ने रंगेहाथों पकड़ा है। जैसे ही लोकायुक्त की टीम ने सीएमएचओ को रिश्वत (Bribe) लेते पकड़ा तो उनकी तबीयत बिगड़ गई और वो चक्कर (Faints)खाकर गिर गईं जिसके कारण डॉक्टर को बुलाना पड़ा और जब डॉक्टर ने जांच की तो उनका बीपी (Blood Pressure) 180 पाया गया। इसके बाद उन्हें दवाई दी गई, तब जाकर तबीयत ठीक हुई। बताया जाता है कि वे हाई ब्लड प्रेशर की दवाइयां लेती हैं। शुक्रवार को ली भी थी, लेकिन अचानक कार्रवाई के कारण उनका बीपी हाई हो गया।
भोपाल लोकायुक्त की टीम ने सीएमएचओ डॉ. शोभा पटेल को रिश्वत लेते पकड़ा है। राजगढ़ की सुविधा सोनोग्राफी सेंटर के संचालक हरिओम अहिरवार निवासी भोपाल ने यहशिकायत की थी। उन्होंने टीम को बताया कि पूर्व में पदस्थ रेडियोलॉजिस्ट की जगह दूसरे डॉ. आकाश तनेजा को रेडियोलॉजिस्ट के रूप में पदस्थ करना है। इसके लिए सीएमएचओ की आईडी से अप्रूवल लगता है। जिसके लिए पिछले महीने सीएमएचओ डॉ. शोभा पटेल के पास निवेदन किया था और जरूरी दस्तावेज जमा करवाए थे। इसके बाद जब संचालक हरिओम अहिरवार सीएमएचओ डॉ. शोभा पटेल से मिलने पहुंचे तो उन्होंने 50 हजार रुपए रिश्वत की मांग की।
आवेदक सोनोग्राफी सेंटर संचालक हरिओम अहिरवार ने बताया कि वो पहली किस्त के तौर पर 30 हजार रुपये सीएमएचओ डॉ. शोभा पटेल को दे चुके थे। इसके बाद लोकायुक्त कार्यालय भोपाल में शिकायत की। लोकायुक्त की टीम ने शिकायत की जांच की और शिकायत सही पाए जाने पर शुक्रवार को लोकायुक्त की 10 सदस्यीय टीम राजगढ़ पहुंची। लोकायुक्त ने पूरा ट्रैप ऑर्गेनाइज किया और 20 हजार रुपये देने के लिए फरियादी को सीएमएचओ के पास भेजा। सीएमएचओ ने जैसे ही रिश्वत के नोट लिए तो लोकायुक्त टीम ने उन्हें पकड़ लिया। इसके बाद हाथ धुलवाने पर रंग लगे नोट पकड़ने के कारण सीएमएचओ के हाथ लाल हो गए जिससे रिश्वत लेने की पुष्टि हुई।
लोकायुक्त ने जाल में जैसे ही सीएमएचओ डॉ. शोभा पटेल फंसी तो अचानक से उनकी तबीयत बिगड़ गई वो चक्कर खाकर गिर पड़ीं जिसके कारण लोकायुक्त टीम ने तुरंत डॉक्टर्स को बुलाया। एमडी मेडिसीन डॉ. योगेश दांगी एम्बुलेंस के साथ वहां पहुंचे और सीएमएचओ की जांच की। डॉक्टर्स ने जांच की तो पता चला कि उनका ब्लड प्रेशर 180 तक पहुंच गया। इसके बाद उन्हें दवाई दी गई, तब जाकर तबीयत ठीक हुई। बताया जाता है कि वे हाई ब्लड प्रेशर की दवाइयां लेती हैं। शुक्रवार को ली भी थी, लेकिन अचानक कार्रवाई के कारण उनका बीपी हाई हो गया। वीरेन्द्र सिंह, डीएसपी लोकायुक्त भोपाल ने बताया कि सीएमएचओ ने सोनोग्रॉफी सेंटर पर डॉक्टर पदस्थ करने के अप्रूवल के बदले 50 हजार मांगे थे, 30 दिए जा चुके थे, 20 हजार लेते हुए रंगेहाथों पकड़ा है। भ्रष्टाचार अधिनियम के तहत कार्रवाई की जा रही है। थोड़ी उनकी तबीयत बिगड़ी थी, मानवीय आधार पर हमने डॉक्टर्स को बुलाकर चेकअप कराया था।