राजनंदगांव

Bullock cart Protest: बैलगाड़ी से राजनांदगांव कलेक्ट्रेट पहुंचे कांग्रेसी, किसानों की मांगों को लेकर किया प्रदर्शन

Farmers issues news: किसानों की विभिन्न मांगों को लेकर कांग्रेस कार्यकर्ता बैलगाड़ी से कलेक्ट्रेट पहुंचे और जोरदार प्रदर्शन किया।

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Bullock cart Protest
बैलगाड़ी से राजनांदगांव कलेक्ट्रेट पहुंचे कांग्रेसी (Photo Patrika)

Rajnandgaon Protest: किसानों की विभिन्न समस्याओं और मांगों को लेकर आज कांग्रेस कार्यकर्ता अनोखे अंदाज में विरोध दर्ज कराने कलेक्ट्रेट पहुंचे। कार्यकर्ता बैलगाड़ी पर सवार होकर कलेक्ट्रेट परिसर तक पहुंचे, जिससे प्रशासनिक परिसर के बाहर हलचल मच गई। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि क्षेत्र के किसानों को समय पर खाद, बीज और उचित समर्थन मूल्य जैसी कई समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। इन्हीं मुद्दों को लेकर यह प्रदर्शन किया गया।

बैलगाड़ी से पहुंचकर जताया विरोध

प्रदर्शनकारियों ने पारंपरिक बैलगाड़ी का उपयोग कर सरकार के खिलाफ प्रतीकात्मक विरोध जताया। इस दौरान उन्होंने नारेबाजी करते हुए अपनी मांगों को तुरंत पूरा करने की मांग की। सूचना मिलने पर पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे और स्थिति पर नजर बनाए रखी। फिलहाल प्रदर्शन शांतिपूर्ण बताया जा रहा है। कलेक्ट्रेट परिसर के बाहर प्रदर्शन के चलते कुछ समय के लिए हलचल का माहौल बना हुआ है।

प्रदर्शन के दौरान ट्रैफिक रहा ठप

कांग्रेसियों के कलेक्टोरेट घेराव के दौरान करीब 25-30 मिनट तक मेन रोड पर ट्रैफिक ठप रहा, पुलिस का सारा ध्यान कलेक्टोरेट के गेट पर ही कांग्रेसियों को रोकने में लगा रहा। बाहर रस्सी बांधे और उसके पीछे पुलिस के जवान खड़े रहे, अंदर गेट को धक्का रहे कांग्रेसियों से बचाने के लिए पुलिस जोरआजमाइश करती रही।

बिलासपुर में भी बैलगाड़ी से किया था प्रदर्शन

बिलासपुर में कांग्रेस ने खाद, बीज, बिजली और डीजल समेत किसानों की 9 सूत्रीय मांगों को लेकर प्रदर्शन किया। कांग्रेस भवन से बैलगाड़ियों में रैली निकालकर कलेक्टोरेट का घेराव करने पहुंचे कार्यकर्ताओं को पुलिस ने गेट पर रोक दिया। इस दौरान पुलिस और कांग्रेसियों के बीच अंदर जाने को लेकर जोरदार धक्का-मुक्की हुई। भीषण गर्मी के बावजूद कांग्रेस कार्यकर्ताओं का उत्साह बना रहा। जुलूस निकालने से पहले कार्यकर्ताओं को लाल गमछे बांटे गए।

किसानों पर अन्याय बर्दाश्त नहीं करेंगे

कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि सोसाइटियों और पेट्रोल पंपों पर कड़े प्रशासनिक नियम थोपकर किसानों को प्रताड़ित किया जा रहा है, जिसे अब और बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। किसानों की प्रमुख मांगों में बिजली कटौती बंद करने, खाद कटौती का 'तुगलकी फरमान' वापस कराने, खरीफ सीजन के लिए प्रति एकड़ मात्र 1 बोरी खाद की पात्रता का नियम निरस्त कर वास्तविक आवश्यकता के अनुरूप पर्याप्त खाद की आपूर्ति शामिल है।

Published on:
15 Jun 2026 01:28 pm