राजसमंद

डॉक्टर ने पैसे लेने के बाद भी प्रसूता की नहीं की देखभाल : परिजनों ने खुलकर लगाए आरोप

आरके जिला अस्पताल में प्रसूता की मौत का मामला
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डॉक्टर ने पैसे लेने के बाद भी प्रसूता की नहीं की देखभाल : परिजनों ने खुलकर लगाए आरोप

राजसमंद. आरके जिला चिकित्सालय के जनाना अस्पताल में प्रसूता की मौत के मामले में मंगलवार को प्रसूता के साथ बड़ी तादाद में ग्रामीण पहुंच गए। परिजनों ने प्रमुख चिकित्सा अधिकारी को घेराव करते हुए आरोप लगाए कि डॉ. मंजू पुरोहित ने विशेष देखभाल की एवज में 2 हजार रुपए नकद लिए, फिर भी कोई देखभाल नहीं होने से बच्चे के साथ प्रसूता की भी मौत हो गई। कई घंटों तक प्रसूता तड़पती रही और नर्सिंगकर्मियों से लेकर डॉक्टर के आगे परिजन गिड़गिड़ाते रहे, मगर किसी ने नहीं सुना। ग्रामीणों ने आरोप लगाए कि डॉ. मंजू का व्यवहार भी ठीक नहीं है, जिसकी कई बार मौखिक व लिखित तौर पर शिकायत कर दी। फिर भी प्रमुख चिकित्सा अधिकारी द्वारा कोई कार्रवाई क्यों नहीं की गई। प्रसूता की मौत के लिए भी डॉ. मंजू को जिम्मेदार ठहराते हुए ग्रामीणों ने परिजनों को 14 लाख रुपए मुआवजा दिलाने की मांग की। इसको लेकर आक्रोशित लोगों के प्रतिनिधि मंडल व डॉ. मंजू के पति डॉ. ललित पुरोहित के बीच विशेष बैठक हुई, जिसमें भी डॉक्टर तरफ से सहायता के तौर पर 25 हजार रुपए देने की बात कही। इस पर ग्रामीणों ने प्रमुख चिकित्सा अधिकारी डॉ. नरेन्द्र पालीवाल के समक्ष विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान तहसीलदार, कांकरोली थाना प्रभारी के नेतृत्व में भारी पुलिस जाब्ता तैनात रहा, मगर लोग शांत नहीं हो पाए। दोपहर तक ग्रामीण मुआवजे पर अड़े रहे और कोई सुलह नहीं होने से शव का पोस्टमार्टम भी नहीं हो पाया।
तीन दिन से भर्ती थी प्रसूता
बताया कि प्रतापपुरा (भावा) निवासी कालू भील की पत्नी लीला को तीन दिन पहले ही आरके जिला अस्पताल में भर्ती करवा दिया। डॉ. मंजू पुरोहित को अच्छे से देखभाल के लिए 2 हजार रुपए नकद दिए। उसके बाद डॉ. मंजू द्वारा प्रसूता लीला को देखा और बताया कि नॉर्मल डिलेवरी हो जाएगी। किसी बात की कोई चिंता करने की भी जरूरत नहीं है। परिजनों का आरोप है कि उसके दूसरे दिन रात से प्रसूता लीला असहनीय दर्द से कहराती रही। इस पर कई बार डॉ. मंजू से एक बार आकर देखने के लिए गुजारिश की, मगर कोई सुनवाई नहीं हुई और अन्य चिकित्सकों द्वारा भी कोई ध्यान नहीं दिया गया। इसी दौरान अस्पताल में मौजूद नर्सिंगकर्मियों को भी बताया गया, मगर उनकी तरफ से भी कोई देखभाल नहीं की गई, जिससे प्रसूता की मौत हो गई।

Updated on:
18 Sept 2018 02:18 pm
Published on:
18 Sept 2018 02:18 pm