रतलाम

त्रिवेणी महारुद्र यज्ञ, आज 73वें यजमान का लॉटरी पद्धति से चयन

Dec 19, 2025
har har mahadav
त्रिवेणी पर 72 वां महारुद्र यज्ञ, उमडऩे लगी धर्मालुओं की भीड़

रतलाम. हर हर महादेव के जयकारों के साथ शुक्रवार को भगवान भोले शंकर की रथयात्रा त्रिवेणी तट पर धूमधाम से निकाली। सनातन धर्म महारुद्र समिति की ओर से आयोजित यज्ञ के लिए 500 रुपए की रसीद कटवाकर श्रद्धालु 73वें महारुद्र यज्ञ के यजमान बनने का सौभाग्य प्राप्त कर सकते है, इसके लिए लॉटरी पद्धति से यजमान का चयन किया जाता है। रसीद शनिवार को दोपहर तक यज्ञशाला के समीप काटी जाएगी।

त्रिवेणी तट पर 72वें महारुद्र यज्ञ में सुबह यजमानों ने आहुतियां दी, दोपहर में बैंडबाजों की धून पर निकली रथयात्रा में महिलाएं गरबा रास करते हुए चल रही थी। धर्मालुजन भजनों की स्वर लहरियों के साथ रथयात्रा मेला परिसर से होती हुई क्षेत्रपाल भैरव नाथ के मंदिर पहुंची। शनिवार को गंगाजल यात्रा निकलेगी।

आज गंगाजल यात्रा निकलेगी
यज्ञाचार्य सहित 21 भूदेवों ने यजमान गायत्री संजय सोनी से पूजन अर्चन करवाया। पं. दुर्गाशंकर ओझा ने बताया कि सम्पूर्ण नगर की रक्षा के लिए क्षेत्र के देवता क्षेत्रपाल की पूजन कर उनको बलिदान दिया जाता है। क्षेत्र देवता को कुष्माण्ड कद्दू फल की बली दिया जाना शास्त्र सम्मत विधान है। श्री सनातन धर्म सभा एवं महारुद्र यज्ञ समिति की ओर से 20 दिसम्बर को अमावस्या के अवसर पर दोपहर में गंगाजल यात्रा आयोजित होगी।

आरती परिक्रमा का लाभ
सनातन धर्मसभा एवं महारुद्र यज्ञ समिति की ओर स आयोजित यज्ञ में आमंत्रित समाजों में सिख समाज, माहेश्वरी रामोला मंदिर ट्रस्ट, सिन्धी समाज, वाल्मिकी, बाघेला गो सेवा जीवदया समिति, मानव सेवा योग समिति एवं महिला मंडल, यादव, सूर्यवंशी ढढेरा, बृजवाशी प्रजापती, दामोदर वंशीय गुजराती दर्जी, खटीक, पाल, सूर्यवंशी कुरील आदि समाज बंधुओं ने सहित बड़ी संख्या में उपस्थित यज्ञ नारायण की आरती एवं परिक्रमा कर धर्म लाभ लिया। अंत प्रसादी वितरित की गई। अन्नक्षेत्र में निराश्रितों को भोजन कराया गया।

Updated on:
19 Dec 2025 10:22 pm
Published on:
19 Dec 2025 10:20 pm