
Ratlam News :मध्य प्रदेश के रतलाम जिले के जावरा आनुभाग के ग्राम नागदी में एक किसान भूमि के सही सीमांकन न होने से नाराज होकर गांव में स्थित एक पानी की टंकी पर चढ़ गया। घटना की जानकारी लगते ही गांव में हड़कंप मच गया और प्रशासन के कर्मचारी मौके पर पहुंचे और उसे नीचे नीचे उतारने का खासा प्रयास करते रहे। पर किसान की मांग थी कि, जबतक उसे इंसाफ नहीं मिलेगा वो नीचे नहीं उतरेगा। इस दोरान लोगों की खासा भीड़ क्षेत्र में इकट्ठी हो गई। घंटों इलाके में हाईवोल्टेज ड्रामा जारी रहा।
बातचीत के दौरान टंकी पर चढ़े 49 वर्षीय किसान मुकेश मालवीय ने अफसरों से कहाकि, उसकी मां प्रभु भाई पति नागूलाल मालवीय की भूमि है। इस भूमि के नपती के लिए वह तीन बार तहसील कार्यालय में आवेदन कर चुका है। तीनों बार पटवारी और राजस्व निरीक्षक (आरआई) ने मौके पर जाकर भूमि का नाप किया, परंतु उन्होंने सही नहीं किया। इसके कारण तीनों बार उसकी भूमि अलग-अलग तरीके से कम होती जा रही है, जिससे उसकी जमीन समाप्त होने का खतरा है। इसी मांग को लेकर वो पानी की टंकी पर चढ़ा है।
सोमवार को उसके खेत के पड़ोसी भगत लाल पाटीदार ने भूमि के सीमांकन के बाद वहां चारदीवारी खींचना शुरू कर दी। इस बात की सूचना उसने पुलिस के 112 नंबर पर दी। पुलिस जवानों ने मौके पर पहुंचकर उसे धमकाया और कहा कि, बार-बार पुलिस को क्यों परेशान करते हो, यह तुम्हारा जमीन का मामला है। उसकी जमीन सीमांकन में आई है, इसलिए वो बाउंड्री लगा रहा है।
फरियादी मुकेश का कहना है कि, पुलिस ने भी उसकी बात नहीं सुनी, इसलिए अब आखिरी बात मनवाने के लिए वो पानी की टंकी पर चढ़ा है। उसने कहा कि, जब तक उसकी मांग पूरी नहीं होगी, तब तक वो नीचे नहीं उतरेगा।
किसान के टंकी पर चढ़ने की सूचना मिलने के बाद पुलिस और प्रशासन की अधिकारी मौके पर पहुंचे थे, जिसे किसान को समझने में 2 घंटे का समय लग गए और उसके बाद आखिर में ग्रामीण जनों की गारंटी पर किसान को टंकी से नीचे उतारा गया। नीचे उतरने के बाद किसान के साथ पटवारी और राजस्व निरीक्षक खेत की ओर गए और मौके पर जाकर स्थिति को समझा।
वहीं, मामले को लेकर एसडीएम रचना शर्मा ने बताया कि, किसान के टंकी पर चढ़ने की सूचना मिली थी पटवारी को मौके पर भेज कर मामले की पूरी जानकारी दिखाई गई है। मामले में जांच की जा रही है। पहले तीन बार पटवारी समेत दल ने नपटी की थी, उसमें कहां गलती हुई है उसके बारे में पता लगाया जाएगा।