बड़ी खबर: मोदी सरकार का कर्मचारियों के लिए बड़ा निर्णय, सभी को मिलेगा प्रमोशन
रतलाम। ये खबर सरकारी कर्मचारियों को खुश कर देगी। केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार ने एक बड़ा निर्णय लेते हुए सरकारी सेवा में काम करने वाले हर कर्मचारी को प्रमोशन अनिवार्य रुप से देने का निर्णय लिया है। पदोन्नती का ये नियम सरकार के विभिन्न विभागों में होगा, लेकिन इसकी शुरुआत रेलवे में सबसे पहले होगी। रतलाम रेल मंडल में मोदी सरकार के इस निर्णय से लंबे समय से प्रमोशन का इंतजार करने वाले 15 हजार से अधिक व पश्चिम रेलवे में लगभग डेढ़ लाख रेल कर्मचारियों को लाभ होगा।
मोदी सरकार के इस निर्णय पर तुरंत अमल करते हुए रेलवे बोर्ड ने प्रमोशन देने के लिए आदेश भी जारी कर दिया है। ये आदेश उन कर्मचारियों के लिए जारी हुआ है, जिनको समय पर पदोन्नती या प्रमोशन अब तक नहीं मिल पाया है। रतलाम रेल मंडल में एेसे कर्मचारियों की संख्या काफी हैं, जिनको अब तक प्रमोशन के लिए इंतजार करना पड़ा था। वेस्टर्न रेलवे मजदूर संघ व वेस्टर्न रेलवे एम्प्लाईज यूनियन सहित भारतीय रेल मजदूर संघ ने इसके बारे में लंबी लड़ाई लड़ी हैं।
इस तरह हुआ ये निर्णय
असल में मोदी सरकार ने ये निर्णय एक दम से ले लिया हो, एेसा भी नहीं है। इसके लिए डीओपीटी के माध्यम से वर्ष २०१६ में केंद्रीय कर्मचारियों को एमएसीपी में प्रमोशन देने के लिए गोपनीय प्रतिवेदन जिसे सरकारी भाषा में सीआर कहा जाता है, इसमे वेरी गुड की बेंच मार्किंग की थी। इस नियम की वजह से अनेक कर्मचारियों को प्रमोशन की राह खुलते-खुलते रह गई। इसके बाद सबसे पहले रेलवे संगठनों ने इसका तगड़ा विरोध करते हुए इस मामले को उठाया। रेल मंत्रालय के सामने जब से बात आई तो वो हैरत रह गया। इसके बाद इस पर लंबी चर्चा हुई।
अब हो सकेगी इस पर अपील
एमएसीपी में प्रमोशन के समय वेरी गुड मार्र्किंग के कारण देशभर में बड़ी संख्या में सरकारी कर्मचारी पदोन्नती नहंी पा पाए। इससे उनमे गुस्सा बढ़ता चला गया। अब रेलवे बोर्ड ने सभी जोन कार्यालयों को ये आदेश जारी कर दिए है कि वर्ष 2014-15,2015-16,2016-17 की गोपनीय चरित्रावली या सीआर में जिन कर्मचारियों को वेरी गुड नहीं होने की वजह से पदोन्नती से दूर रखा गया था, वे इसको सुधार के लिए अधिकारी के सामने अपील कर सकेंगे। इससे पूर्व में जिन कर्मचारियों को पदोन्नती मिली है, उनको असर नहीं होगा।
हमारे संगठन ने लड़ी है लंबी लड़ाई
हमारे संगठन ने इस मामले में लंबी लड़ाई लड़ी है। हमारे राष्ट्रीय महामंत्री शिवगोपाल मिश्रा ने रेल मंत्रालय के सामने इस मामले को उठाया था। इसके बाद ही सरकारी कर्मचारियों को प्रमोशन की राह खुली है।
- प्रकाश व्यास, प्रवक्ता, वेस्टर्न रेलवे एम्प्लाईज यूनियन, रतलाम रेल मंडल