धर्म और अध्यात्म

Magh Maas Katha : माघ मास की कथा, स्नान-दान का महत्व और पूरे महीने के व्रत-त्योहार

Magh Maas 2026 : माघ मास हिंदू धर्म का अत्यंत पुण्यदायी महीना माना जाता है। जानिए माघ मास की कथा, माघ स्नान का महत्व, तिल दान, माघ अमावस्या और पूरे महीने के व्रत-त्योहार।
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Updated: 6 Jan 2026, 3:00 PM IST
Magh Maas Katha Snan Daan Vidhi
Magh Maas Katha Snan Daan Vidhi : माघ मास की कथा (फोटो सोर्स: AI image@Gemini)

Magh Maas Katha :भविष्यवक्ता और कुण्डली विश्ल़ेषक डा. अनीष व्यास ने बताया कि प्राचीन काल में नर्मदा किनारे सुव्रत नाम का ब्राह्मण रहता था। वो वेद, धर्मशास्त्रों और पुराणों के जानकार थे। कई देशों की भाषाएं और लिपियां भी जानते थे। इतने विद्वान होते उन्होंने अपने ज्ञान का उपयोग धर्म के कामों में नहीं किया। पूरा जीवन केवल धन कमाने में ही गवां दिया। जब वो बूढ़े हुए तो याद आया कि मैंने धन तो बहुत कमाया, लेकिन परलोक सुधारने वाला कोई काम नहीं किया। ये सोचकर दुखी होने लगे। उसी रात चोरों ने उनका धन चुरा लिया, लेकिन सुव्रत को इसका दु:ख नहीं हुआ क्योंकि वो तो परमात्मा को पाने का उपाय सोच रहे थे। तभी सुव्रत को एक श्लोक याद आया-

माघे निमग्ना: सलिले सुशीते विमुक्तपापास्त्रिदिवं प्रयान्ति।

उनको अपने उद्धार का मूल मंत्र मिल गया। फिर उन्होंने माघ स्नान का संकल्प लिया और नौ दिनों तक सुबह जल्दी नर्मदा के पानी में स्नान किया। दसवें दिन नहाने के बाद उन्होंने अपना शरीर त्याग दिया। सुव्रत ने जीवन भर कोई अच्छा काम नहीं किया था, लेकिन माघ में स्नान के बाद उनका मन निर्मल हो चुका था। जब उन्होंने प्राण त्यागे तो उन्हें लेने दिव्य विमान आया। उस पर बैठकर वो स्वर्ग चले गए।

  • 4 जनवरी से माघ मास आरंभ
  • 4 जनवरी से 1 फरवरी तक रहेगा पुण्य देने वाला माघ मास
  • माघ मास में स्नान-दान से मिलता है कई यज्ञ करने जितना पुण्य

माघ स्नान-दान

महाभारत और अन्य पुराणों में कहा गया है कि माघ महीने में सूर्योदय से पहले उठकर गंगा या अन्य पवित्र नदियों में स्नान करना चाहिए। लेकिन महामारी के दौर को देखते हुए विद्वानों का कहना है कि ऐसा न हो पाए तो घर पर ही पानी में गंगाजल की कुछ बूंदे डालकर नहाने से तीर्थ स्नान का पुण्य मिल जाता है। साथ ही पानी में तिल डालकर नहाना चाहिए। इससे कई जन्मों के पाप खत्म होते हैं। इस महीने तांबे के बर्तन में तिल भरकर दान करना चाहिए।

माघ महीने के त्यौहार

  • 06 जनवरी 2026, मंगलवार, संकष्टी चतुर्थी
  • 14 जनवरी 2026, बुधवार, षटतिला एकादशी, मकर संक्रांति / उत्तरायण
  • 16 जनवरी 2026, शुक्रवार, प्रदोष व्रत, मासिक शिवरात्रि
  • 18 जनवरी 2026, रविवार, माघ अमावस्या
  • 23 जनवरी 2026, शुक्रवार, बसंत पंचमी / सरस्वती पूजा
  • 29 जनवरी 2026, गुरुवार, जया एकादशी
  • 30 जनवरी 2026, शुक्रवार, प्रदोष व्रत
  • 01 फरवरी 2026, रविवार, माघ पूर्णिमा व्रत

अस्वीकरण (Disclaimer): इस लेख में दी गई जानकारी केवल सामान्य सूचनात्मक उद्देश्यों के लिए है। यहाँ दी गई ज्योतिष, वास्तु या धार्मिक जानकारी मान्यताओं और विभिन्न स्रोतों पर आधारित है। हम इसकी पूर्ण सटीकता या सफलता की गारंटी नहीं देते हैं। किसी भी उपाय, सलाह या विधि को अपनाने से पहले संबंधित क्षेत्र के प्रमाणित विशेषज्ञ या विद्वान से परामर्श अवश्य लें।

Updated on:
6 Jan 2026, 3:00 PM IST
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