Sankat Mochan Hanuman Temple Varanasi : संकट मोचन हनुमान मंदिर वाराणसी की पूरी जानकारी: दर्शन का सही समय, आरती टाइमिंग, इतिहास, त्यौहार और यात्रा के जरूरी टिप्स। जानें कब जाएं और कैसे पहुंचे।
Sankat Mochan Hanuman Temple Varanasi : संकट मोचन हनुमान मंदिर, वाराणसी के सबसे प्रसिद्ध मंदिरों में है। यहां हर कोई भगवान हनुमान से अपने दुख और परेशानियां दूर करने की दुआ करता है। लोग सच में मानते हैं कि बजरंगबली के दर्शन से मन हल्का हो जाता है और जीवन में राहत मिलती है।
इस मंदिर का रिश्ता सीधे गोस्वामी तुलसीदास जी से है। कहा जाता है तुलसीदास जी को हनुमान जी यहीं साक्षात दर्शन दिए थे। वक्त के साथ ये मंदिर बनारस के श्रद्धालुओं और बाहर से आने वाले पर्यटकों के लिए एक जरूरी पड़ाव बन गया है। यहां आने का प्लान बना रहे हैं तो ये गाइड आपके बहुत काम आएगी मंदिर का टाइमिंग, आरती, इतिहास, त्यौहारों की लिस्ट और यात्रा के लिए जरूरी टिप्स, सब मिल जाएगा।
संकट मोचन हनुमान मंदिर की रचना सीधी-सादी है, दिखावे से एकदम परे। यह मंदिर आपको भव्यता से नहीं, अपनी सहजता औऱ सच्चे माहौल से छू जाता है। चारों तरफ हरियाली, पुराने पेड़ और शांति सब कुछ सकारात्मक एहसास देता है।
त्यौहारों के समय मंदिर में भीड़ और उल्लास का आलम अलग ही होता है। सबसे बड़ा पर्व होता है हनुमान जयंती, जब अखंड पाठ, भजन और भव्य आरती का आयोजन होता है।
राम नवमी, तुलसी जयंती, दिवाली और दशहरे पर भी खास आयोजन होते हैं। पूरी रात मंदिर रोशन रहता है, चारों तरफ दीप जलते हैं।
मंदिर की नींव 16वीं शताब्दी में पड़ी थी. कहा जाता है, तुलसीदास जी को अस्सी घाट के पास हनुमान जी के दर्शन हुए और उन्हीं के कहने पर यहां मंदिर की स्थापना हुई। इसी वजह से इसे नाम मिला संकट मोचन जो संकट हर लें। बाद में 20वीं सदी की शुरुआत में महामना मदन मोहन मालवीय जी ने यहां मंदिर का विस्तार करवाया।
सच कहें तो ये मंदिर सिर्फ एक धार्मिक स्थल नहीं, बनारस की रग-रग में बसा एक खास अनुभव है। यहां जिंदगी की भागदौड़ से कुछ पल फुर्सत के सच में चैन देने वाले होते हैं।