रीवा

MP में चैत्र नवरात्र की पूजा के दौरान बड़ा हादसा, श्रद्धालुओं पर मधुमक्खियों का हमला, कई लोग घायल

MP news: एमपी में नवरात्र के पहले दिन बड़ा हादसा हुआ, जब काली माता मंदिर में मधुमक्खियों ने श्रद्धालुओं पर हमला कर दिया। इसी तरह श्मशान घाट में भी हमला हुआ।

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Mar 20, 2026
Bees Attack Devotees during Chaitra Navratri pooja (Patrika.com)

Bees Attack: मध्य प्रदेश के रीवा जिले में चैत्र नवरात्र के पहले दिन एक बड़ा हादसा हो गया। खड्डा गांव स्थित काली माता मंदिर में दर्शन करने पहुंचे श्रद्धालुओं पर अचानक मधुमक्खियों ने हमला कर दिया, जिससे मंदिर परिसर में अफरा-तफरी मच गई। सेमरिया थाना क्षेत्र के इस गांव में सुबह करीब 9 बजे श्रद्धालु मां काली के दर्शन और पूजा-अर्चना के लिए एकत्रित हुए थे। मंदिर परिसर में पीपल के पेड़ के नीचे हवन और पूजन चल रहा था, जबकि कुछ महिलाएं जल चढ़ा रही थीं। इसी दौरान हवन का धुआं पास में मौजूद मधुमक्खियों के छत्ते तक पहुंच गया, जिससे भडक़कर मधुमक्खियों ने श्रद्धालुओं पर हमला कर दिया।

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बच्ची सहित 10 से अधिक लोग घायल

अचानक हुए इस हमले से भगदड़ जैसी स्थिति बन गई और कई लोग घायल हो गए। स्थानीय लोगों की मदद से घायलों को तुरंत संजय गांधी अस्पताल में भर्ती कराया गया। घायलों में राजकुमार पांडेय की हालत गंभीर बताई जा रही है, जिनका अस्पताल में इलाज जारी है। वहीं खड्डा गांव की 10 वर्षीय बच्ची नव्या सिंह भी इस घटना में घायल हुई है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार करीब दस से अधिक लोग इस हमले में घायल हुए हैं, जिनमें महिलाएं और बच्चे भी शामिल हैं। फिलहाल सभी घायलों का इलाज अस्पताल में जारी है और प्रशासन द्वारा मामले पर नजर रखी जा रही है। (MP news)

अंतिम संस्कार में पहुंचे लोगों पर हमला

शहर के बंदरिया श्मशान घाट में लगातार मधुमक्खियों के हमले से लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। गुरुवार को संत प्रसाद खरे के अंतिम संस्कार के लिए बड़ी संख्या में लोग बंदरिया मुक्ति धाम में जुटे थे। जैसे ही आग की लपटें शुरू हुईं हवा का रुख पास स्थित पीपल के पेड़ की ओर हो गया, जिससे धुआं मधुमक्खियों के छत्तों तक पहुंच गया। इससे भडक़कर मधुमक्खियां वहां मौजूद लोगों पर टूट पड़ी। इस घटना में 50 से अधिक लोग घायल हो गए, जिनमें दो बच्चियां और उनके नाना भी शामिल हैं।

कई लोगों को मधुमक्खियों के डंक से गंभीर चोटें आईं। स्थानीय लोगों का कहना है कि यह समस्या रोजाना की बन चुकी है और हर दिन अंतिम संस्कार में शामिल होने वाले लोग खतरे का सामना कर रहे हैं। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि श्मशान घाट के आसपास लगे मधुमक्खियों के छत्तों को हटवाया जाए और उचित सुरक्षा व्यवस्था की जाए, ताकि शोक संतप्त परिवारों को इस तरह की पीड़ा का सामना न करना पड़े। (MP news)

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Published on:
20 Mar 2026 11:42 am
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