
रीवा। चुनावी तैयारियों में जुटे कांग्रेस नेताओं ने तय किया है कि वह हर विधानसभा में स्थानीय मुद्दों को लेकर सरकार के प्रति आक्रामक होंगे। इसके अलावा बूथ लेवल पर संगठन को कैसे मजबूत किया जाए, इस पर भी जोर दिया गया है। शहर के बोदाबाग में आयोजित की गई बैठक में प्रमुख पदाधिकारी और कार्यकर्ता पहुंचे।
शहर के नेताओं ने अपने-अपने क्षेत्र की समस्याओं पर ध्यान आकृष्ट कराया और आंदोलन की बात कही। विधानसभा रीवा के चुनाव अभियान समिति के प्रभारी रामसिया सिंह पटेल कहा, शहर की बदहाली को लेकर वार्डों में आंदोलन छेडऩे की जरूरत है।
प्रदेश महासचिव डॉ. मुजीब खान ने कहा कि ब्लाक और मंडलम स्तर पर नियमित बैठकें होना चाहिए। एआईसीसी मेंबर राजेन्द्र मिश्रा ने कहा कि बिजली और गरीबों के हितों की योजनाओं में मनमानी के विरोध में आवाज उठाने की जरूरत है।
शहर अध्यक्ष गुरमीत सिंह मंगू ने कहा कि शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क हर क्षेत्र में भर्रेशाही चल रही है, जिसके लिए आंदोलन शुरू किया गया है,इसे व्यापक बनाया जाएगा। राजेन्द्र शर्मा ने अस्पताल में उपचार नहीं मिल पाने और खून में दलाली का मामला उठाते हुए कहा कि इस पर व्यापक रूप से आंदोलन चलाया जाना चाहिए।
निगम के नेता प्रतिपक्ष अजय मिश्रा ने कहा कि सीवरेज प्रोजेक्ट में व्यापक घोटाला चल रहा है। उसे सड़क से सदन तक उठा रहे हैं आगे और भी तेज गति दी जाएगी। इस दौरान प्रदेश प्रवक्ता बृजेश पाण्डेय, कार्यवाहक शहर अध्यक्ष लखनलाल खंडेलवाल, मखदूम खान, शहीद मिस्त्री, अकबर निजामी, लल्लन खान, संजय तिवारी, अरुण चतुर्वेदी, शैलेन्द्र श्रीवास्तव, गोविंद शुक्ला, राजेश मिश्रा, सज्जन पटेल, धनेन्द्र सिंह सहित अन्य मौजूद रहे।
एआइसीसी पर्यवेक्षक पहुंचे रीवा
अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के पर्यवेक्षक विधि सिंह मंगलवार को रीवा पहुंच गए हैं। वे रीवा, देवतालाब, मनगवां और गुढ़ विधानसभा के नेताओं और कार्यकर्ताओं संपर्क कर यहां की राजनीतिक स्थितियों के बारे में एआइसीसी को अवगत कराएंगे। साथ ही यह भी पता लगाएंगे कि चुनाव के लिए सबसे बेहतर प्रत्याशी कौन हो सकता है। इसके लिए वह आम लोगों से भी फीडबैक ले सकते हैं।
कांग्रेस के दावेदारों को देना होगा शपथ पत्र
कांग्रेस पार्टी ने विधानसभा चुनाव के लिए दावेदारी पेश कर रहे नेताओं से शपथ पत्र प्रस्तुत करने के लिए कहा है। अपनी लोकप्रियता और पूर्व की उपलब्धियों की जो भी जानकारी वह देंगे, उसे शपथ पत्र में दर्ज करना होगा।
बीते महीने जिले भर में एआईसीसी के पर्यवेक्षकों ने भ्रमण किया था और हर विधानसभा में जाकर वहां नेताओं से दावेदारी पूछी थी। जिसमें करीब सैकड़ा भर से अधिक आवेदन जिले भर से आए हैं। साथ ही प्रदेश प्रभारी दीपक बावरिया के रीवा प्रवास के दौरान करीब पांच हजार से अधिक की संख्या उमड़ी थी। शक्ति प्रदर्शन पर रोक के बावजूद दावेदारों ने यह दर्शाने का प्रयास किया था कि उनके साथ कार्यकर्ता हैं। अब पीसीसी ने शहर और ग्रामीण कमेटी को पत्र लिखकर कहा है कि जितने भी दावेदार अब तक सामने आए हैं सभी से जानकारी संकलित करें और उसे प्रमाणित कर भेजें।
पिछले दो चुनावों की जानकारी भी देनी होगी
दावेदारों को अपने क्षेत्र के पोलिंग बूथ नंबर एवं पिछले दो चुनाव में उन बूथों में पार्टी द्वारा प्राप्त किए गए मतों का विवरण भी देना होगा। पार्टी यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि जो विधानसभा चुनाव के टिकट मांग रहे हैं, उनकी क्षेत्र में क्या स्थिति है और वह जानकारी संकलित कर रहे हैं अथवा नहीं।