रीवा

मंत्री का आश्वासन नहीं आया काम, दरक गई स्कूल की दीवारें

जान जोखिम में डाल पढ़ाई करेंगे छात्र, स्कूल का नहीं हुआ कायाकल्प

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Jun 15, 2018
rewa

रीवा . शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय-दो के छात्र जर्जर भवन में जानजोखिम में डालकर पढ़ाई करेंगे। जर्जर हो चुके भवन के हालात कुछ ऐसे हैं कि कभी भी कोई बड़ा हादसा हो सकता है। शिक्षा विभाग से लेकर जिला प्रशासन तक के अधिकारी वस्तुस्थिति से अवगत हैं।

करीब एक वर्ष पहले उद्योग मंत्री राजेंद्र शुक्ला विद्यालय प्रशासन को भवन दुरुस्त कराने का आश्वासन दे चुके हैं। लेकिन अब तक की कवायद केवल स्टीमेट जारी होने तक सीमित है। विद्यालय के प्राचार्य की ओर से पिछले तीन वर्षों से विद्यालय के जर्जर भवन को दुरुस्त कराने को लेकर गुहार लगाई जा रही है। लेकिन पिछले वर्ष विद्यालय में विशेष कक्षा लेने पहुंचे उद्योग मंत्री राजेंद्र शुक्ला से खुद छात्रों ने अपील की थी कि विद्यालय के भवन को दुरुस्त करा दें, क्योंकि उन्हें जर्जर हो चुके भवन की कक्षा में बैठने से भी डर लगता है। कुछ ऐसी ही अपील शाउमावि क्रमांक के छात्रों ने भी की थी। इस पर उद्योग मंत्री ने न केवल दोनों ही विद्यालयों के भवन दुरुस्त कराने का आश्वासन दिया था। बल्कि जिला प्रशासन के अधिकारियों के साथ बाद में विद्यालयों का अवलोकन भी किया था। शाउमावि क्रमांक एक का भवन को दुरुस्त हो गया, लेकिन शाउमावि क्रमांक दो की स्थिति नहीं बदली।

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क्रमांक दो के लिए नहीं बचा बजट
उद्योग मंत्री के आश्वासन के बाद दोनों विद्यालयों के लिए कंपनी सोशल रिस्पांसबिलिटी (सीएसआर) के जरिए 50 लाख रुपए का बजट उपलब्ध कराया गया था। लेकिन निर्माण एजेंसी ने केवल शाउमावि-एक का भवन दुरुस्त कर काम समाप्त कर दिया। शाउमावि क्रमांक दो की ओर से जब निर्माण एजेंसी से बात की गई तो उन्हें बजट खत्म होने का हवाला दे दिया। ऐसे में क्रमांक दो के कायाकल्प का कार्य अधर में लटक गया।

एस्टीमेट जारी होने तक सीमित है कवायद
उद्योग मंत्री के आश्वासन को करीब एक वर्ष बीतने को हैं लेकिन शाउमावि क्रमांक दो की स्थिति जस की तस है। अब तक की कवायद केवल एस्टीमेट जारी होने तक सीमित है। अभी चंद रोज पहले मप्र. लोक निर्माण विभाग की ओर से भवन के मरम्मत कार्य के लिए स्टीमेट जारी किया गया है। एस्टीमेट में शाउमावि क्रमांक दो के साथ क्रमांक एक के लिए बजट स्वीकृत किया गया है। शाउमावि क्रमांक दो के लिए 51.86 लाख रुपए स्वीकृत किए गए हैं। शाउमावि क्रमांक एक के लिए 28.69 लाख रुपए स्वीकृत किए गए हैं।

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Published on:
15 Jun 2018 09:41 pm
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