सहारनपुर में पुलिस ने हजारों समर्थकों को रिमाउंट डिपोट के मैदान में इकट्ठा किया, वे वहां ढोल-नगाड़ों के साथ झूमते-नाचते रहे
सहारनपुर। आपने किसी के जेल से छूटने के बाद सड़कों पर ऐसा जश्न नहीं देखा होगा। सहारनपुर में भी गुरुवार को ऐसा ही नजारा देखने को मिला। भीम आर्मी संस्थापक चंद्रशेखर उर्फ रावण की जेल से रिहाई की सूचना मिलते ही जेल के बाहर उसके हजारों समर्थक पहुंच गए। उनकी रिहाई के बाद जिले की सड़कों पर तो जश्न का माहौल था और हर तरफ जय भीम के नारे लग रहे थे।
खबर मिलते ही जेल पहुंचे समर्थक
गुरुवार को भीम आर्मी प्रमुख चंद्रशेखर की रिहाई की खबर मिलते ही समर्थक जेल पर जुटने लगे थे। देर रात तक हजारों समर्थकों की भीड़ से हाईवे जाम हो गया था। बाद में पुलिस ने समर्थकों को रिमाउंट डिपोट के मैदान में इकट्ठा किया। वे वहां ढोल-नगाड़ों के साथ झूमते-नाचते रहे। देर रात 2.30 बजे जब चंद्रशेखर की रिहाई की गई तो बड़ी संख्या में समर्थक सड़क पर आ गए। सहारनपुर जिला जेल से छुटमलपुर तक समर्थकों की लाइन नहीं टूटी।
कई गाड़ियों में भरकरी पहुंचे जेल
चंद्रशेखर के समर्थक कार, ट्रैक्टर-ट्रॉली समेत अन्य वाहनों में भरकर सहारनपुर जिला जेल पहुंचे थे। जब सहारनपुर पुलिस चंद्रशेखर को लेकर उसके घर के लिए रवाना हुई तो पुलिस की जीप के पीछे समर्थकों का लंबा काफिला जुड़ गया। यह लाइन सहारनपुर से छुटमलपुर तक बनी रही। समर्थकों में उत्तर प्रदेश के अलावा उत्तराखंड, राजस्थान, हरियाणा समेत अलग-अलग राज्यों से युवा पहुंचे थे।
सेल्फी का क्रेज रहा
इस दाैरान युवाओं ने जमकर सेल्फी ली। वहीं जेल से बाहर निकलने के बाद भीम आर्मी संस्थापक चंद्रशेखर ने भाजपा सरकार पर जमकर हमला बोला। उन्होंने कहा कि उन्हें पूरा भरोसा है कि सरकार 10 दिन में उन्हें किसी अौर मामले में फंसाकर रासुका लगवा देगी। वो उनसे चुनाव बचाना चाहती है। अभी रिहा करके किसी और मामले में रासुका लगाकर फिर साल भर के लिए फंसा देंगे। उन्हें ईमानदार खून से डर लगता है।