2017 में सहारनपुर के सड़क दूधली प्रकरण के छह मुकदमाें की जांच शासन ने सीबीसीआईडी काे ट्रांसफर कर दी है।
सहारनपुर।
यूपी सरकार ने पिछले वर्ष सहारनपुर में हुए सड़क दूधली कांड के छह मुकदमाें की जांच एसआईटी से सीबीसीआईडी काे ट्रांसफर कर दी है। ट्रांसफर हुइ इन छह मुकदमाें में वह मुकदमें भी शामिल हैं जिनमें सांसद राघव लखन पाल शर्मा इनके छाेटे भाई राहुल लखन पाल शर्मा के अलावा देवबंद विधायक ब्रिजेश सिंह आैर भाजपा के सहारनपुर महानगर अध्यक्ष अमित गगनेजा भी आराेपी हैं। अब इन सभी मामलाें की जांच शासन ने सीबीसीआईडी काे ट्रांसफर कर दी है। अभी तक इन मामलाें में सांसद के भाई राहुल समेत देवबंद विधायक आैर भाजपा नगर अध्यक्ष की गिरफ्तारी नहीं की गई थी। एसआईटी यानि स्पेशल इनवेस्टीगेशन टीम इन सभी मामलाें की जांच कर रही थी। इन मामलाें में भाजपा नेताआें की गिरफ्तारी ना हाेने से सवाल खड़े हाे रहे थे अब सरकार ने इन सभी मामलाें की जांच सीबीसीआईडी काे भेज दी है। सीबीआईडी ने शनिवार काे इन सभी छह मामलाें में अब तक हुई कार्रवाई आैर की गई जांच के आधार पर अब तक सामने आए तमाम तथ्याें की जानकारी एसआईटी से ले ली है।
बता दें कि ये सभी मामले पिछले वर्ष अप्रैल माह में थाना जनकपुरी में दर्ज हुए थे। जनकपुरी थाना क्षेत्र में देहरादून राेड स्थित सड़क दूधली गांव में डा. भीमराव अंबेडकर की शाेभायात्रा निकाली जा रही थी। इस शाेभायात्रा की अनुमति नहीं थी। जब यह शाेभायात्रा सड़क दूधली गांव में मुस्लिम बाहुल्य क्षेत्र में पहुंची ताे वहां शाेभायात्रा का विराेध हुआ आैर इस दाैरान दाेनाें आेर से पथराव हाे गया था। इस घटना से गुस्साए सांसद समर्थकाें ने एसएसपी के कैंप कार्यालय (आवास) का घेराव कर लिया था आैर यहां ताेड़फाेड़ कर दी गई थी। कमिश्नर सहारनपुर की गाड़ी ताेड़ दी गई थी आैर देहरादून हाईवे पर भी गुस्साए लाेगाें ने दुकानाें में ताेड़फाेड़ करते हुए वाहनाें काे आग लगा दी थी। इस घटना के संबंध में मुख्य रूप से छह मुकदमें में दर्ज हुए थे। इनमें से दाे मुकदमें सड़क दूधली गांव में हुई घटना के दाेनाें पक्षाें की आेर से दर्ज किए गए थे। एक मुकदम एसएसपी कार्यालय पर तैनात सुरक्षाकर्मी की आेर से दर्ज कराया गया था आैर तीन मामले उन लाेगाें की आेर से दर्ज कराए थे। इन मामलाें से पुलिस एक मुकदमें में 18, एक मुकदमें में 9 एक मुकदमें 5 आैर दाे अन्य मुकदमाें में चार-चार आराेपियाें काे गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है। इस तरह पुलिस इन कुल 40 आराेपियाें काे जेल भेज चुकी है। इन सभी के खिलाफ चार्जशीट भी न्यायालय में दाखिल की जा चुकी है। जिन आराेपियाें की अभी गिरफ्तारी नहीं हुई है उन सभी के खिलाफ जांच जारी है लेकिन अब इन सभी मामलाें की जांच सीबीसीआईडी करेगी।