संभल की खुदाई में मिले अवशेषों के पुनरुद्धार में जिला प्रशासन लग गया है। संभल डीएम ने खुदाई में मिले चतुर्मुख कूप के मरम्मत को लेकर जानकारी दी है। आइये बताते हैं संभल डीएम ने क्या कहा ?
संभल की खुदाई में कई ऐसे कई अवशेष मिले हैं जीका इतिहासिक और आध्यात्मिक महत्त्व बहुत गहरा है। संभल प्रशासन इन सभी अवशेषों के जीर्णोद्धार में जूता हुआ है। संभल के चतुर्मुख कूप को के मरम्मत का काम शुरू हो गया है। अब जल्दी ही यह एक तीर्थस्थान बनने वाला है।
संभल जिलाधिकारी राजेंद्र पेंसिया ने बताया कि 'चतुर्मुख कूप के पुनरुद्वार और नवनिर्माण का कार्य नगर पालिका संभल ने आरंभ कर दिया है। इसके तहत आज हमने यहां का भ्रमण किया है। सभी जो कूप हैं उन्हें हम स्वयं संरक्षित करवाएंगे और शासन से हमें बजट मिलेगा।
संभल डीएम राजेंद्र पेंसिया ने आगे कहा कि लगभग 6 से 7 कूप हैं। इनकी खुदाई हम कर रहे हैं। जितने भी प्राचीन स्थल हैं विशेष रूप से कुएं और तालाब वे हमारे प्राकृतिक जल संरक्षण के अहम स्रोत थे। उनका पुनर्द्धार करना हमारी जिम्मेदारी है। नगर पालिका और नगर पंचायत के अंतर्गत हम इसे कर रहे हैं।
संभल डीएम राजेंद्र पेंसिया ने बताया कि संभल के इतिहासिक स्थलों के पुनरुद्धार से धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व को बढ़ावा मिलेगा। तीर्थ स्थलों के संरक्षण से पर्यटन को भी बल मिलेगा। ये योजना पर्यावरण संरक्षण और ऐतिहासिक स्थलों के पुनरुद्धार के लिए बहुत जरूरी कदम है।