सीबीएसई 10वीं का रिजल्ट घोषित: बेटियों ने मारी बाजी, जिले की टॉप थ्री पर कब्जा
सतना। सीबीएसई ने 10वीं बोर्ड का रिजल्ट मंगलवार को घोषित कर दिया। जिले की टॉप टेन सूची में शीर्ष तीन स्थान पर बेटियों का कब्जा है। उसके बाद 7 स्थान पर बेटों ने कब्जा जमाया है। लेकिन, टाप थ्री में कब्जा जमाते हुए बेटियां आगे निकल गई हैं। जिले का समग्र परिणाम करीब 83 फीसदी बताया जा रहा है। शासकीय केंद्रीय विद्यालय-1 की छात्रा प्रकृति मिश्रा ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई है।
बेहतर शिक्षा को लेकर हम शहर की ओर भागते हैं। वहीं धारणा बन चुकी है कि गांव से शहर बेहतर हैं। लेकिन, इस अवधारण को चित्रकूट के दो विद्यार्थियों ने खारिज कर दिया है। सद्गुरु पब्लिक स्कूल चित्रकूट की विधि आडवाणी ने 97.4 प्रतिशत अंक के साथ जिले में प्रथम स्थान व वैशाली सिंह ने 97.2 प्रतिशत अंक के साथ दूसरा स्थान हासिल किया है।
सीबीएसई 10वीं का रिजल्ट मंगलवार को ओपन हो गया। पहली बार सफलता पाने वाले छात्रों का उत्साह देखते ही बना। सभी ने इस खुशी को अपने-अपने तरीके से सेलिब्रेट किया। किसी ने पैरेंट्स साथ केक काटा, तो किसी ने दोस्तों के साथ पार्टी की। पैरेंट्स का भी उत्साह देखते बना। उन्होंने न सिर्फ बच्चों का मुंह मीठा कराया, बल्कि उनको उनका मनपसंद उपहार भी दिलाया। ज्यादातर छात्र रिलैक्स के मूड पर नजर आए। टॉपर की खुशी का तो ठीकाना ही नहीं रहा। इस बीच टॉपर छात्रों ने अपने अनुभव को भी पत्रिका से साझा किया। साथ ही बताया कि अब आगे की उनकी क्या प्लानिंग है।
1. बनना है डॉक्टर
डिस्ट्रिक टॉपर विधि आडवाणी का कहना है कि सफलता पाने के लिए कठिन परिश्रम करना पड़ता है। साथ ही रेगुलर पढ़ाई। यही मैंने भी किया। मेरा उद्देश्य था कि मुझे सबसे अच्छे अंक हासिल करना है। मैं जुलाई से ही इस पर फोकस करने लगी। मनोरंजन के साथ स्पोर्ट गतिविधियों में भाग लेती थी। ताकि हर वक्त मैं स्वस्थ रहूं। पापा डॉक्टर हैं। मैं भी पापा की राह पर चलना चाहती हूं। अब आगे डाक्टर की तैयारी करूंगी।
2. आइआइटी की करनी है तैयारी
डिस्ट्रिक सेकंड टॉपर वैशाली का कहना है कि मैंने अपनी पढ़ाई में एक ग्रता रखी। जो भी पढ़ती थी उसको उसे मन से पढ़ती थी। हर दिन छह घंटे स्टडी की। कॉन्सेप्ट क्लीयर किया। हर सब्जेक्ट को बराबर समय दिया। कोटा से इंटर करूंगी और यहीं से आइआइटी की तैयारी करूंगी। मेरा मनना है आपकी सच्ची लगन ही आपको आपकी मंजिल तक पहुंचाती है।
3. सिविल सर्विस में जाकर करना है समाजसेवा
डिस्ट्रक में तीसरा स्थान हासिल करने वाली प्रगति मिश्रा ने बताया समर्पण और धैर्य दोनों को अपनाकर मैंने इस सफलता को हासिल किया। सफल होना है तो हर छात्र में ये गुण विकिसत होने चाहिए। तीन से चार घंटे पढ़ाई की। पापा और टीचर्स की मदद से हर सब्जेक्ट का कॉन्सेप्ट क्लीयर किया। अब सिविल सर्विस की तैयारी करनी है जिससे आगे चलकर मैं समाजसेवा कर सकंू।
जिले के होनहार
- विधि आडवाणी 97.4 सदगुरु पब्लिक स्कूल, चित्रकूट
- वैशाली सिंह 97.2 सदगुरु पब्लिक स्कूल, चित्रकूट
- प्रकृति मिश्रा 96.6 केंद्रीय विद्यालय 1
- ओम नारायण सिंह 95.6 क्राइस्ट ज्योति
- विकास द्विवेदी 95.6 सेंट माइकल
- शशांक सिंह 95.2 क्राइस्ट ज्योति
- हर्ष पांडेय 95.0 चाणक्य पब्लिक स्कूल
- स्नेहांशु मुखर्जी 95.0 सेंट माइकल
- अनुराग शुक्ला 95.0 सेंट माइकल
- हरिशंकर प्रजापति 95.0 सदगुरु पब्लिक स्कूल, चित्रकूट
- विनायक अग्रवाल 94.4 बोनांजा कान्वेंट
- सहज द्विवेदी 94.3 लवडेल स्कूल