27 अप्रैल 2026,

सोमवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

सतना वन स्टाप सेंटर की सरकारी सुरक्षा से भागीं तीन नाबालिक, इनमें एक गर्भवती भी

घर से भागी तीन नाबालिग लड़कियों को सरकारी सुरक्षा में सतना के वन स्टाप सेंटर में रखा गया था। रात को तीनों लड़कियां खिडकी की ग्रिल उखाड़ कर भाग निकलीं। इनमें एक गर्भवती भी है।

3 min read
Google source verification
one stop center

सतना। कलेक्ट्रेट से 5 मिनट की दूरी पर स्थित वन स्टाप सेंटर में सरकारी सुरक्षा में रह रही तीन नाबालिग लड़कियां रविवार की रात को खिड़की की जाली तोड़ कर भाग निकलीं। भागने वाली नाबालिग लड़कियों में एक गर्भवती भी है। इनके भागने का पता सुबह साढ़े पांच बजे स्टाफ को तब चला जब यहां रात को रुकने वाली काउंसलर मंजना मिश्रा की नजर इनके रुकने वाली डोरमैट्री पर पड़ी। घटना की सूचना सेंटर की प्रशासक नीता श्रीवास्तव ने पुलिस को दे दी है। पुलिस अब सभी संभावित जगहों पर तलाश कर रही है। माना जा रहा है कि ये लड़कियां रेलवे स्टेशन से या तो जबलपुर की ओर अथवा प्रयागराज की ओर भागी हैं।

खिड़की का फ्रेम उखाड़ कर भागी तीनों

जानकारी के अनुसार वन स्टाप सेंटर में नाबालिगों को ठहराने के लिए अलग से व्यवस्था की गई है। जहां इन्हें रोका जाता है उसे डोरमेट्री के नाम से जाना जाता है। इस डोरमेट्री में सामने दरवाजा है। जो ग्रिल नुमा है। जिससे अंदर की स्थिति नजर आती है। पीछे की दीवार पर एक स्लाइडिंग डोर वाली खिड़की है। जिसके बाहर एक जाली के साथ फ्रेम लगा हुआ है। वन स्टाप सेंटर के स्टाफ के अनुसार लड़कियों ने खिड़की के फ्रेम के निचले हिस्से को उखाड़ कर फरार हुई है। फ्रेम का निचला हिस्सा जो दीवार के अंदर था, वह उखड़ा हुआ पाया गया है।

सीसीटीवी कैमरे में रात 1.15 बजे नजर आईं

वन स्टाप सेंटर के पीछे की ओर भी सीसीटीवी कैमरा लगा हुआ है। रविवार की रात लगभग 1.15 बजे तीनों लड़कियां पीछे की ओर से भागते नजर आ रही है। पीछे के खुले मैदान से गुजर कर इन लड़कियों ने कुछ आगे जाकर तार की जाली वाले खंभे को झुका कर यहां से निकल कर आगे गई और उसके बाद कन्या धवारी स्कूल वाली रोड की ओर से परिसर से बाहर निकल गई।

कूलर की आवाज से पता नहीं चला

बताया गया है कि यहां पर निगरानी के लिए रोशनी नामक स्टाफ और मंजना नामक काउंसलर रुकती है। रोशनी ने इन तीनों लड़कियों को रात 1 बजे आखिरी बार देखा था। इसके बाद सोने चली गईं। माना जा रहा है कि लड़कियों ने पैर की ठोकर से खिड़की का फ्रेम उखाड़ा है। लेकिन कूलर की आवाज की वजह से उनकी हरकतों का पता नहीं चल सका। वन स्टाप सेंटर की प्रशासन की सूचना पर पुलिस ने प्रकरण कायम कर लिया है और तीनों की तलाश कर रही हैं।

प्रेम प्रसंग में घर से भागीं थीं तीनों लड़कियां

वन स्टाप सेंटर से भागने वाली तीनों लड़कियों की उम्र क्रमश: 15, 14 और 15 वर्ष की है। तीनों प्रेम प्रसंग में भागी है। एक लड़की जो सिविल लाइन थाना क्षेत्र की पौराणिक टोला की रहने वाली है उसकी उम्र 15 साल है और वह तीन माह की गर्भवती है। वह तीसरी बार घर से भागी है। यह बालिका काफी शातिर दिमाग बताई जा रही है। इसे पुलिस ने जबलपुर से पकड़ा था। इसके बाद वन स्टाप सेंटर में रखा गया है। दूसरी बालिका की उम्र 14 साल बताई जा रही है जो उत्तर प्रदेश के बिजनौर की रहने वाली बताई जा रही है। जानकारी मिली है कि इसके माता पिता प्रयागराज में रहकर मजदूरी करते हैं और लड़की अपने दादा-दादी के साथ रहती थी। ये पहले भी एक बार भाग चुकी है। 16 अप्रेल को आरपीएफ ने इसे मझगवां में महाकौशल ट्रेन में पकड़ा था। जिसके बाद बाल कल्याण समिति के समक्ष प्रस्तुत किया था। इसने गुस्से में भागने की बात कही है। यह भी स्वाभाव से शातिर बताई गई है। तीसरी लड़की की उम्र 15 साल है जो रामपुर थाना क्षेत्र की रहने वाली है। इसे 26 अप्रेल को रामपुर पुलिस पकड़ कर वन स्टाफ सेंटर लाई थी। इस बालिका को इसके माता पिता अपने पास रखने को राजी नहीं है। अभी इसे बाल कल्याण स​मिति के समक्ष प्रस्तुत नहीं किया गया है ।