नागौद तहसील कार्यालय का किया औचक निरीक्षण, ओपन कैप का लिया जायजा
सतना. कलेक्टर अजय कटेसरिया ने गुरुवार को नागौद तहसील कार्यालय का औचक निरीक्षण कर न्यायालयीन प्रक्रिया और प्रकरणों के निराकरण की स्थिति देखी। रजिस्ट्री के बाद जारी होने वाली ऋण पुस्तिका के मामले में खामी पाने पर तत्काल सुधार के निर्देश दिए। इस दौरान नायब तहसीलदार जसो की कार्यशैली पर नाराजगी जाहिर करते हुए शो-कॉज जारी करने के निर्देश दिए। इसके बाद क्षेत्र के ओपन कैप का जायजा लिया।
जानकारी के अनुसार कलेक्टर ने रजिस्ट्री के प्रकरणों में पाया कि सहखातेदारों में से एक खातेदार द्वारा जमीन बेचे जाने के बाद भी क्रेता के नाम पर अलग से ऋण पुस्तिका नहीं बनाई जा रही है, बल्कि सहखातेदार के रूप में नाम लिखा जा रहा है। इस पर आपत्ति जाहिर की। तहसीलदार सहित सभी अधिकारियों को निर्देश दिए कि इस प्रक्रिया को तत्काल बंद करें और रजिस्ट्री के बाद से पृथक से ऋण पुस्तिका में नाम अंकित किया जाए। ऐसे मामलों में बंटवारा और नामांतरण एक साथ करने के निर्देश दिए और कहा कि क्रेता का नाम पृथक से ही लिखा जाए।
बिना सूचना अनुपस्थिति रहीं नायब तहसीलदार
कलेक्टर से लोगों ने नायब तहसीलदार जसो सुषमा रावत की शिकायत की। बताया कि जान बूझकर आदेशों में विलंब किया जाता है। कलेक्टर ने जब उनके बारे में पता किया तो वे बिना सूचना अनुपस्थित मिलीं। इस पर कलेक्टर ने शो-कॉज जारी करने के निर्देश दिए।
नामांतरण प्रक्रिया सुधारने के निर्देश
कलेक्टर ने बहनों के हिस्से के नामांतरण मामले को देखा तो पाया कि यहां प्रक्रिया उल्टी चलाई जा रही है। पहले नामांतरण कर दिया जाता है और बाद में स्टाम्प शुल्क जमा कराया जाता है। इस पर कहा कि इस प्रक्रिया से लोग पटवारियों के चक्कर लगाते घूमते रहे हैं, जबकि नियमानुसार पहले स्टाम्प शुल्क जमा कराएं उसके बाद नामांतरण करें।
कसावट लाने के निर्देश
न्यायालयीन और राजस्व काम काज में अपेक्षित गति नहीं मिलने पर कलेक्टर ने तहसीलदार आरपी तिवारी से कहा कि तहसील के काम काज में तेजी लाई जाए। इस दौरान उन्होंने मार्डन रिकार्ड रूम की भी स्थितियां देखी। पाया कि यह व्यवस्था चालू नहीं है। इसे अतिशीघ्र प्रारंभ करने के निर्देश दिए। नागौद स्थित जिला रिकार्ड रूम का भी जायजा लिया और सतना स्थित जिला रिकार्ड रूम के भवन में स्थानान्तरित करने के निर्देश दिए।
साइलो का लिया जायजा
गेहूं खरीदी को लेकर कलेक्टर ने नागौद के मौहारी ओपन कैप, साइलो, नागौद मंडी सहित गोदाम के सामने के ओपन कैप का जायजा लिया। उपज की गुणवत्ता देखी और निर्देश दिए कि आगामी भंडारण की स्थितियों के मद्देेनजर उपज को खाली किया जाए।