
सतना. सांसद गणेश सिंह ने स्मार्ट सिटी के कामों की समीक्षा के दौरान तंज कसते हुए कहा कि सतना को स्मार्ट सिटी जरूर बना रहे हो, लेकिन आपका विजन स्मार्ट नहीं है। इतनी नामी गिरामी टाटा कन्सल्टेंसी एजेंसी सर्विस दे रही है लेकिन काम में स्मार्ट सिटी का टेस्ट ही नहीं है। स्मार्ट सिटी के काम स्मार्ट दिखने चाहिए। जो काम अभी डीपीआर स्टेज में है उनके काम ढंग के और व्यावहारिक बनाए। ताकि अच्छे लोग काम करने आएं और सिटी स्मार्ट दिखे।
लोगों को काम दिखाए जाएं
बैठक में सांसद ने सीईओ स्मार्ट सिटी को ओर इशारा करते हुए कहा कि स्मार्ट सिटी के काम छुपा कर रखती हैं। क्या काम हो रहा है किसी को बताना नहीं चाहती है। जबकि हम पहले भी कह चुके हैं कि लोगों को ये काम दिखाए जाएं। ताकि लोगों को पता चले कि कहां क्या काम हो रहा है। इसकी जानकारी भी सबको मिले ऐसी व्यवस्था भी की जाए। इस पर भी आपत्ति जताई कि नगर निगम में अधिकारी आम जनता से नहीं मिलते हैं। इस व्यवस्था को सुधारने की सलाह दी। निगम की कार्यशैली पर सवाल खड़ा करते हुए कहा कि हालात यह है कि पीएम आवास योजना के ठेकेदार का बिल रुका हुआ है। भुगतान नहीं होने पर ठेकेदार काम छोड़ कर चला गया है।
जब खंडहर हो जाएगा तब उपयोग करेंगे
सांसद ने स्मार्ट सिटी के पूरे हो चुके कामों की उपयोगिता नहीं होने पर नाराजगी जताई। कहा, स्मार्ट क्लास कब से बन कर तैयार है लेकिन उसका उपयोग नहीं हो रहा है। जब यह खंडहर हो जाएगा तब शुरू करेंगे। इसी तरह से साइकिल ट्रैक अब पार्किंग ट्रेक बन गया है। लोग बसे खोल कर रिपेयरिंग कर रहे हैं। दो चार पर चालानी कार्यवाही कीजिए। अतिक्रमण है तो सख्ती से हटाइए। तब तो उपयोगिता साबित होगी।
हटाएं कोठी तिराहे का हेलमेट
सांसद ने कहा कि विजुअल इंप्रूवमेंट के तहत शहर के अंदर के पन्नीलाल चौक, जयस्तंभ चौक, बाजार चौक सहित अन्य चौराहों का सौंदर्यीकरण करें। सेमरिया चौराहा और कोठी चौराहे को भी शामिल कर इसे विकसित करें। कोठी तिराहे का हेलमेट पुराना हो चुका है और आवागमन में बाधक भी है इसे हटाएं। चौराहों पर लगी महापुरुषों की प्रतिमाओं को सुव्यवस्थित रखें। उनके स्टैंड पोस्ट सुधारें। नारायण तालाब में मुक्तिधाम की तरफ लोगों के स्नान के लिए घाट बनाने का प्रावधान कराएं। तालाबों के पुनरुद्धार के कार्यों की गति बहुत धीमी है, इनमें तेजी लाकर कच्चे काम बारिश से पहले पूर्ण करें।
तो फिर बैठक में क्यो बुलाते हैं
सतना विधायक ने सतना नदी से डालीबाबा तक बन रही फोर लेन रोड में डिवाइडर नहीं बनने की जानकारी दी। जिस पर कहा गया कि यहां पोर्टेबल डिवाइडर लगेंगे। इस पर विधायक ने कहा कि फिर बैठकों में क्यों बुलाते हैं और सुझाव क्यों लेते है। जबकि,पहले कहा गया था कि डिवाइजर बनाए जाएं। अब जो हिस्सा बचा है उसमें डिवाइडर बनाएं। इस पर कलेक्टर ने कहा कि एस रोड निर्माण में दो अलग-अलग तरीके के काम नहीं होते हैं।