सतना में अंतर्कलह और असंतोष भी
सतना। प्रत्याशियों की सूची जारी होते ही भाजपा-कांग्रेस में नेताओं के बगावती तेवर देखने को मिलने लगे। भाजपा के वरिष्ठ नेता रामोराम गुप्ता व पूर्व जिपं अध्यक्ष गगनेन्द्र सिंह खुलकर सामने आ गए हैं। कांग्रेस में भी कुछ नेता दबी जुबान निर्णय को गलत ठहरा रहे हैं। हालांकि, अभी खुलकर कोई सामने नहीं आया है। कांग्रेस ने जारी सूची में जिले की पांच विस के प्रत्याशी तय किए। दो विस रामपुर बाघेलान और मैहर की टिकिट होल्ड कर दी गई है।
जिन विधानसभाओं के प्रत्याशी घोषित किए गए हैं उनमें सतना का नाम अप्रत्याशित है। बसपा से कांग्रेस में आए सिद्धार्थ कुशवाहा को टिकिट देकर राजाराम त्रिपाठी, मनीष तिवारी सहित अन्य दावेदारों को हाशिये पर रखा है। पिछली बार रैगांव सीट से उम्र विवाद कारण टिकिट से वंचित रह गईं कल्पना वर्मा पर कांग्रेस ने भरोसा जताया है। पूर्व से तय मानी जा रही टिकिटों में अमरपाटन से डॉ. राजेंद्र कुमार सिंह, नागौद से यादवेंद्र सिंह चित्रकूट से निलांशु चतुर्वेदी को हरीझंडी दे दी गई है।
कांग्रेस ने सतना में विद्रोह के सुर पैदा कर दिए
टिकट घोषित होते ही कांग्रेस ने सतना में विद्रोह के सुर पैदा कर दिए हैं। छात्र राजनीति से कांग्रेस का झंडा थामे चलते रहे मनीष तिवारी और वरिष्ठ नेता राजाराम त्रिपाठी की दावेदारी को दरकिनार कर जातीय समीकरण पर दावं लगाकर कांग्रेस ने उथल पुथल की स्थिति मचा दी है। जबकि हाल में सपाक्स आंदोलन के बाद सतना में एक नए राजनीतिक समीकरणों का अभ्युदय हुआ है। देर शाम मनीष समर्थकों का उनके घर पहुंचना शुरू हो गया।
मनीष को अब चुनाव मैदान में आना चाहिए
रात तक लोगों की भीड़ जुटी रही। सभी की राय यह रही है कि मनीष को अब चुनाव मैदान में आना चाहिए। बहरहाल मनीष तिवारी ने कुछ भी बोलने से परहेज किया है। नागौद की बात करें तो यहां पहले से यादवेन्द्र सिंह का नाम तय माना जा रहा था। यही स्थिति चित्रकूट और अमरपाटन की है। अमरपाटन में भाजपा ने अभी टिकट घोषित नहीं किया है। कयासों की स्थिति में कई बार सांसद का नाम भाजपा की ओर से सामने आ रहा है। लेकिन वे खुद इससे इंकार कर रहे हैं।
प्रागेन्द्र को उनकी निष्क्रियता का नुकसान
नागौद से कांग्रेस ने युवा महिला नेत्री और भाजपा जिपं सदस्य कल्पना वर्मा पर दावं लगा कर बसपा से सीधी लड़ाई भी लेने का दम दिखाया है। हालांकि यहां से गया बागरी और प्रागेन्द्र भी दावेदार रहे हैं। प्रागेन्द्र को उनकी निष्क्रियता का नुकसान उठाना पड़ा है तो पिछली बार ही कांग्रेस ने गया बागरी की दावेदारी को टिकिट में यह कह कर बदला था कि गया की उम्र अगले चुनाव तक ज्यादा हो जाएगी।
कहा-सच कहना बागी तो बागी ही सही
नागौद विधानसभा से टिकट न मिलने पर पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष गगनेंद्र प्रताप सिंह बगावती तेवर दिखाने लगे हैं। शनिवार को कुलगढ़ी व उचेहरा में समर्थकों की बैठक लेकर उनसे रायशुमारी की। इस दौरान उन्होंने कहा कि सत्य कहना अगर बगावत है तो समझो मैं बागी हूं। टिकट वितरण के फैसले से मैं आहत हूं। बिना नाम लिए पूर्व मंत्री व भाजपा प्रत्याशी पर कटाक्ष किया, आखिर कौन सी मजबूरी आ गई कि इस बार आप कह रहे हैं।
भाजपा कार्यकर्ताओं का दल, निर्णय वही करेंगे
मुख्यमंत्री के कहने पर चुनाव मैदान में उतरा हूं। पिछले चुनाव में मुख्यमंत्री के कहने के बाद भी चुनाव लडऩे से मना किया था। कहा, भाजपा कार्यकर्ताओं का दल है। निर्णय वही करेंगे। मंडल अध्यक्ष अनिल सिंह ने कहा, पैराशूट से उतारा प्रत्याशी उचित नहीं। पार्षद गोरेलाल ताम्रकार, सरपंच संघ अध्यक्ष धीरेंद्र पांडेय, अरुण द्विवेदी, जपं उपाध्यक्ष सतेंद्र सिंह, निकाय अध्यक्ष श्यामकली, मंडल अध्यक्ष मधुसूदन पांडेय, संजय पांडेय, कुशल सिंह, अनुराग सिंह, दीपक ताम्रकार, रामजी ताम्रकार, स्वप्निल ताम्रकार, राजेश द्विवेदी ने भी समर्थन किया।
सपाक्स में शामिल हुए रामोराम गुप्ता
टिकट वितरण से नाराज भाजपा प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य रामोराम गुप्ता ने सपाक्स पार्टी की सदस्यता ले की। अशोका पैलेस में हुई बैठक में पार्टी के जिलाध्यक्ष मनीष द्विवेदी, छवि त्रिपाठी, रजत सिंह, सुनील मिश्रा ने उद्देश्यों पर प्रकाश डाला। कमलेश पटेल, कुक्कू गोयल, विश्वनाथ अग्रवाल, जय गुप्ता, जय अग्रवाल उपस्थित थे। सभी ने उन्हें सतना से प्रत्याशी घोषित करने की बात रखी।