
सतना। मध्यप्रदेश विधानसभा के उपाध्यक्ष एवं कांग्रेस के अमरपाटन प्रत्याशी राजेन्द्र सिंह ने गुरुवार की दोपहर करीब 2 बजकर 46 मिनट में नामांकन दाखिल करने पहुंच तो पुलिस द्वारा रोकने पर बहस बाजी हो गई। बताया गया कि धवारी कलेक्ट्रेट कार्यालय स्थिति बनाए गए अमरपाटन आरओ कार्यालय में अन्दर जाते समय पुलिस ने पांच लोगों से अधिक लोगों के जाने पर रोक लगा दी।
क्योंकि जिनको अंदर जाना था वह बाहर रह गए और जिनको नहीं जाना था वह चले गए थे। इसमे मुख्य रूप से राजेन्द्र सिंह के गनमैन और प्रस्तावक व उनके बेटे छूट गए थे। ये सब होने के बाद राजेन्द्र सिंह ने कहा कि मुझे कोई अंदर गोली मार दे तो क्या होगा। इसलिए गनमैन लेकर जा रहा हूं। काफी बहस के बाद निर्वाचन कार्य में लगे अधिकारियों ने गनमैन को अंदर जाने की परमीशन दी। फिर इसके बाद राजेन्द्र सिंह ने पर्चा दाखिल किया।
ये है मामला
बता दें कि, एमपी विधानसभा के उपाध्यक्ष एवं कांग्रेस के अमरपाटन प्रत्याशी राजेन्द्र सिंह एक सैकड़ा समर्थकों के साथ अमरपाटन से सतना पर्चा दाखिल करने पहुंचे थे। कलेक्ट्रेट में आयोजित शाक्ति प्रदर्शन कार्यक्रम में विधानसभा क्षेत्र से कई समर्थक आए हुए थे। समर्थक प्रत्याशी के साथ नारेबाजी करते हुए आरओ कार्यालय की ओर रूख किए तो पुलिस ने आगे जाने से रोक दिया। फिर भी समर्थक नहीं माने और इधर-उधर से बचकर अंदर प्रवेश करने लगे। तुरंत पुलिस ने एक्शन मूड में आकर पांच लोगों से अधिक जाने पर पाबंदी लगा दी। इस दौरान समर्थक और प्रस्तावक बाहर ही रह गए। तो विस उपाध्यक्ष ने पुलिस को बताया कि हमारा गनमैन बाहर ही रह गया है। मुझे कोई अंदर गोली मार दे तो क्या होगा। इसलिए उसका अंदर आना जरूरी है। फिर पुलिस प्रशासन ने तय नाम अनुसार पांच लोगों के अंदर आने की परमीशन दी।