जनसुनवाई: कलेक्ट्रेट पहुंचे जनपद सदस्य ने की शिकायत, जांच के निर्देश
सतना. साहब! मैं राजेश सिंह गोड़ जनपद सदस्य हूं। मैहर जनपद की ग्राम पंचायत लटागांव में सरपंच और सचिव ने मिलकर भारी भ्रष्टाचार किया है। इनके द्वारा न आंगनबाड़ी भवन बनाया गया, न ही पशु औषधालय। एक करोड़ रुपए निकाल कर हजम कर लिए। लोग जनसुविधाओं के लिए मोहताज हैं। जनसुनवाई में कलेक्टर सतेन्द्र सिंह की मौजूदगी में हुई शिकायत के बाद जिपं सीईओ ऋजु बाफना ने मामले की जांच के निर्देश दिए हैं।
सरपंच सचिव की मिलीभगत का कारनामा
जनपद सदस्य राजेश सिंह ने बताया कि लटागांव में एक करोड़ 80 लाख रुपए के कार्यों पर राशि व्यय होना दिखाया जा रहा, जबकि जमीनी हकीकत यह है कि यहां बिना काम किए ही राशि निकाल कर खर्च कर दी गई। मसलन आंगनबाड़ी की राशि व्यय हो गई पर भवन बना नहीं। सीसीरोड की नाली बनी नहीं, इसकी भी राशि खर्च कर दी गई। पंचायत भवन अधूरा पड़ा है और राशि पूरी निकाल ली गई। पशु औषधालय की भी राशि खर्च होना बताया गया है। और भी कई काम हैं जो बिना किए ही राशि खर्च होना बताया जा रहा है। इस पर जिपं सीईओ ने जनपद सदस्य से पूरी जानकारी लेने के बाद 26 दिसंबर को जिला पंचायत में बुलाया है। साथ ही मामले की जांच के निर्देश दिए हैं।
या तो खरीदी चालू करो या दो लोगों को निलंबित करो
धान उपार्जन केंद्र गुड़ुहुरू के किसान भी जनसुनवाई पहुंचे। इन्होंने कलेक्टर को बताया कि आज तक सेवा सहकारी समिति सराय ने खरीदी शुरू नहीं की है। जब खरीदी केंद्र प्रभारी राजेश मिश्रा से बात की जाती है तो उनका कहना होता है कि वे अवकाश पर हैं इसलिए खरीदी नहीं कर सकते हैं। कलेक्टर ने डीआरसीएस को बुलाया और कहा कि या तो कल खरीदी केंद्र शुरू हो जाए अन्यथा केंद्र प्रभारी और शाखा मैनेजर को निलंबित करिए।
इन्होंने भी दिए आवेदन
धौरहरा अमरपाटन निवासी धर्मेंद्र प्रसाद पाण्डेय ने पट्टे की जमीन पर अतिक्रमण कर परेशान करने, बदेरा मैहर निवासी अशोक कुशवाहा ने आम रास्ता रोकने, धवारी निवासी पचिनिया बाई कुशवाहा ने राशन न मिलने, टिकुरिया टोला निवासी बालश्रम विद्यालय की शिक्षिका गीता जैसवाल ने मानदेय न मिलने, कुशियरा मैहर निवासी रंजना कुशवाहा ने अतिथि शिक्षक में कम अंक लाने वाले आवेदक की नियुक्ति किए जाने, भरहटा उचेहरा निवासी रामजियावन चौधरी ने कन्या विवाह योजना की राशि न मिलने की समस्या का आवेदन कलेक्टर को दिया।
ये आवेदन आए
जनसुनवाई में जमीन का सीमांकन कराने, गरीबी रेखा में नाम जोडऩे-काटने, खाद्यान पात्रता पर्ची, दाखिल-खारिज कराने, प्रधानमंत्री आवास योजना, अवैध कब्जा हटाने, बंटवारा, नामांतरण, वारसाना, राशन कार्ड बनाने, विद्युत समस्या, वृद्धावस्था पेंशन, विधवा पेंशन, विकलांग पेंशन, जमीन का कब्जा दिलाने, भू-अर्जन, व्यवस्थापन, आवासीय पट्टा, रोड निर्माण, चिकित्सा सहायता, पेयजल, नाली आदि के आवेदन आए।