वार्ड 32-33 का मामला: अब निगम अधिकारी करेंगे मौका मुआयना
सतना. अक्सर दो पक्षों में निजी हितों को लेकर विवाद होते देखा गया है। लेकिन, पानी निकासी को लेकर दो वार्ड के रहवासी आमने-सामने हो जाएं, ऐसे मामले जल्दी सामने नहीं आते हैं। सतना के वार्ड 32 व 33 के रहवासी पानी निकासी को लेकर शनिवार को आमने-सामने हो गए। विवाद बढ़ता देख पार्षदों ने हस्तक्षेप किया और समझाइश के बाद रहवासी हटे। अब मामले को लेकर निगम अधिकारी मौका मुआयना करेंगे और पानी निकासी की समस्या का हल ढूढ़ेंगे।
प्लॉट में एकत्रित होता है पानी
वार्ड 32 का गंदा पानी वार्ड 33 के गंगापुरम में नाली के माध्यम से पहुंचता है। गंगापुरम से आगे पानी निकासी नहीं है। लिहाजा, गंदा पानी वार्ड के प्लॉट में एकत्रित होता है। इससे आस-पास का वातावरण दूषित रहता है। इसको लेकर स्थानीय रहवासियों ने निगम में शिकायत की। लेकिन, कभी भी ध्यान नहीं दिया गया। इसी समस्या को लेकर रहवासियों में भी विवाद शुरू हो गया। करीब 2 साल से विवाद बढ़ गया है।
नाली में गिट्टी डाल बंद कर दी निकासी
हाल ही में वार्ड 33 गंगापुरम के रहवासियों ने नाली में गिट्टी डालकर जल निकसी बंद कर दी। जब इसकी जानकारी वार्ड 32 के रहवासियों को हुई तो उन्होंने पार्षद को शिकायत की। इसके बाद नाली को खुलवा दिया गया। यह खबर शनिवार को वार्ड 33 के रहवासियों को लगी तो विवाद बढ़ गया। देखते ही देखते वार्ड 32 व 33 के रहवासी बड़ी संख्या में एकत्रित हो गए और विवाद शुरू हो गया। इसके बाद पार्षद पति रामबालक रैकवार और रामकुमार तिवारी प्रतिनिधि के रूप में पहुंचे और समझाइश दी।
अब निगम के पाले में गेंद
दोनों वार्डों के पार्षद के दखल के बाद मामला नगर निगम जा पहुंचा है। संबंधित वार्ड के उपयंत्री मुकेश चतुर्वेदी को अवगत करवाया गया। रविवार को मौके का निरीक्षण किया जाएगा। इसके बाद भी यदि समस्या का निदान नहीं होता तो गंगापुरम कॉलोनी के रहवासी निगमायुक्त प्रवीण सिंह अढ़ायच से मुलाकात करंेगे।