
गंगापुरसिटी. भारत सेवा संस्थान जोधपुर व भगवान महावीर विकलांग सहायता समिति जयपुर के संयुक्त तत्वावधान में रविवार को पल्लीवाल मैरिज होम में पूर्व विधायक हरिशचंद पल्लीवाल की स्मृति में दिव्यांग सहायता शिविर शुरू हुआ। पहले दिन 383 दिव्यांगों को नि:शुल्क उपकरण प्रदान किए गए। उपकरण प्राप्त कर दिव्यांगों के चेहरे खिल गए।
संयोजक संजय पल्लीवाल व भारत सेवा संस्थान के सह संयोजक नरपत सिंह कच्छवाहा ने बताया कि 157 दिव्यांगों को ट्राइसाइकिल, 113 दिव्यांगों को श्रवण यंत्र , 46 दिव्यांगों को व्हील चेयर, 33 दिव्यांगों को बैसाखी व छह को कैलीपर्स वितरित किए गए। इसके अलवा जयपुर फुट की टीम ने 19 दिव्यांगों को कृत्रिम पैर व 9 को कृत्रिम हाथ मौके पर बना कर लगाए। 142 दिव्यांगों के कान की जांच आधुनिक मशीन से जांच की गई। उपकरण प्राप्त करने के लिए सुबह आठ बजे से ही दिव्यांगों की भीड़ उमड़ पड़ी। दिव्यांगों के लिए अलग-अलग काउन्टर बनाए गए। इस मौके पर भारत सेवा संस्थान के सचिव गिरधारी सिंह वापना, भगवान महावीर विकलांग सहायता समिति सचिव भूपेन्द्रराज मेहता, अखिल भारतीय कांगे्रस कमेटी सदस्य संजय बापना, पूर्व सांसद मूलचंद मीना, पूर्व विधायक रामकेश मीना, दुर्गाप्रसाद अग्रवाल, पूर्व पालिकाध्यक्ष सुरेशचंद सिंहल, पीसीसी सदस्य इस्माइल भाई, पूर्व प्रधान भंवरपाल मीना, गोपालसिंह धीरावत, राजीव पल्लीवाल, घनश्याम रावत, दीपकसिंह नरूका, सरपंच मईन अहमद, सवाईमाधोपुर शहर कांगे्रस अध्यक्ष विनोद जैन, सरफुद्दीन टीटी, खल्लाक खान, गफूर सोनी, हरगोविन्द कटारिया आदि मौजूद थे। शिविर व्यवस्थाओं में जैन नवयुवक मंडल, जैन सोशियल ग्रुप, स्काउट-गाइड व पल्लीवाल मोटर्स के कर्मचारियों का सहयोग रहा।
समापन आज
शिविर का सोमवार अपराह्न तीन बजे समापन होगा। मुख्य अतिथि लोकायुक्त एस. एस. कोठारी होंगे। विशिष्ट अतिथि के रूप में विधायक मानसिंह गुर्जर, प्रधान गायत्री मीना व नगर परिषद सभापति संगीता बोहरा उपस्थित रहेंगी। पंजीकृत दिव्यांगों को भी नि:शुल्क उपकरण प्रदान किए जाएंगे।
नहीं आए गहलोत
शिविर का उद्घाटन पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत को करना था, लेकिन गहलोत नहीं आए। उनके स्वागत में कांगे्रस कार्यकर्ताओं व अन्य संगठनों की ओर से अलग-अलग स्थानों पर स्वागत द्वार लगा कर तैयारी की गई थी, लेकिन गहलोत के नहीं आने से कार्यकर्ताओं को निराश होना पड़ा।
गंगापुरसिटी में शिविर में दिव्यांग को ट्राइसाइकिल प्रदान करते संयोजक व अन्य तथा काउन्टर पर जानकारी लेते दिव्यांग व परिजन।