भाड़ौती कस्बे से निकल रहे भाड़ौती-मखौली सड़क मार्ग का नवनिर्माण हो रहा है, लेकिन घटिया निर्माण सामग्री की एवं मापदंड के अनुरूप सड़क का निर्माण कार्य नहीं करवाया गया।
सवाईमाधोपुर। भाड़ौती कस्बे से निकल रहे भाड़ौती-मखौली सड़क मार्ग का नवनिर्माण हो रहा है, लेकिन घटिया निर्माण सामग्री की एवं मापदंड के अनुरूप सड़क का निर्माण कार्य नहीं करवाया गया। जिसके चलते 30 करोड़ रुपए की लागत से बना रहे भाड़ौती-मखौली मार्ग निर्माण के महज 30 दिन बाद ही गड्ढों में तब्दील हो गया है।
नई बनी सड़क पर जगह-जगह डामर उखड़ने और बड़े-बड़े गड्ढे बनने से स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश है। ग्रामीणों ने निर्माण कार्य में घटिया सामग्री के उपयोग का आरोप लगाते हुए जांच और जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
ग्रामीणों का कहना है कि सड़क का निर्माण चल रहा है। बाबूलाल सरपंच के मकान तक हाल ही में पूरा हुआ था। पिछले महीने जनवरी में स्थानीय जनप्रतिनिधि एवं एवं ग्रामीणों की ओर से घटिया निर्माण सड़क कार्य को रुकवा दिया गया था।
जिस पर कनिष्ठ अभियंता एवं ठेकेदार की ओर से आश्वासन के बाद सड़क का निर्माण कार्य करीब 2 घंटे बाद शुरू हुआ, लेकिन संवेदक की ओर से मनमर्जी करते हुए सड़क का निर्माण कार्य कर दिया गया।
लेकिन सड़क बनने के साथ ही डामरीकरण उखड़ने लगा। कई स्थानों पर सड़क की ऊपरी परत पूरी तरह निकल गई है। जिससे राहगीरों और वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
स्थानीय निवासी ग्रामीणों ने बताया कि सड़क बने अभी एक महीना भी ठीक से नहीं हुआ और हालत ऐसी हो गई है कि रोज हादसे का डर बना रहता है। जिम्मेदारों ने गुणवत्ता पर ध्यान नहीं दिया। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द मरम्मत कार्य शुरू नहीं किया गया तो वे आंदोलन के लिए बाध्य होंगे।
इस मार्ग से आसपास के कई गांव जुड़े हुए हैं और यह क्षेत्रीय आवागमन के लिए महत्वपूर्ण संपर्क मार्ग है। सड़क की बदहाल स्थिति के कारण स्कूली बच्चों, मरीजों और किसानों को विशेष परेशानी उठानी पड़ रही है।